विद्युत निगमों के निजीकरण के विरोध में बिजली कर्मियों ने अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान आरोप लगाया कि निजी घरानों को लाभ पहुंचाने के लिए निजीकरण की प्रक्रिया शुरू की गई है। इस पर तत्काल रोक लगाई जाए। संघर्ष समिति के पदाधिकारी दिलीप मौर्य ने कहा कि लखनऊ में बिजली व्यवस्था में लगातार गुणात्मक सुधार हो रहा है, किन्तु निजीकरण के लिए मनमाना प्रयोग कर लखनऊ की बिजली व्यवस्था को पटरी से उतारने की कोशिश की जा रही है, जिसे तत्काल रोका जाना चाहिए।