मेरठ के ग्राम पांचली खुर्द की सरकारी जमीन पर कथित रूप से भू-माफियाओं द्वारा फर्जी बैनामे कराए जाने के विरोध में चल रहे प्रकरण को लेकर शुक्रवार को एक प्रतिनिधिमंडल को मेरठ मंडलायुक्त ने वार्ता हेतु बुलाया। राष्ट्रीय अध्यक्ष के दिशा-निर्देश पर भाकियू संगठन के राष्ट्रीय मुख्य प्रवक्ता संजीव राणा और राष्ट्रीय वरिष्ठ संगठन मंत्री अनिल प्रधान ने कमिश्नर से विस्तृत बातचीत की। बैठक के दौरान कमिश्नर ने पूरे प्रकरण की जानकारी लेते हुए सदर तहसील मेरठ की एसडीएम श्रीमती दीक्षा जोशी से फोन पर अपडेट मांगा। वार्ता के दौरान एसडीएम ने जमीन से जुड़े दस्तावेजों और हालिया जांच के संबंध में जानकारी साझा की। कमिश्नर ने एसडीएम से प्राप्त जानकारी पर कहा कि प्रारंभिक स्तर पर सरकारी भूमि के साथ अनियमितता और फर्जीवाड़ा किए जाने के संकेत स्पष्ट हैं, और इस मामले में संबंधित प्रशासनिक कार्रवाई आगे बढ़ाई जाएगी। उन्होंने आश्वासन दिया कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रतिनिधिमंडल ने कमिश्नर से मांग की कि गांव की सरकारी भूमि को सुरक्षित किया जाए और फर्जी तरीके से किए गए बैनामों को रद्द कराते हुए दोषियों के खिलाफ FIR दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए। कमिश्नर ने प्रतिनिधिमंडल को भरोसा दिलाया कि मामले को प्राथमिकता के आधार पर निपटाया जाएगा और ग्राम पांचली खुर्द की सरकारी भूमि किसी भी तरह की अवैध कब्जेदारी से मुक्त कराई जाएगी