लखीमपुर खीरी के धौरहरा तहसील क्षेत्र के किसी भी क्रय केंद्र पर बारदाना उपलब्ध नहीं हो सका है। इससे किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्थिति यह है कि विपणन विभाग अब कोटेदारों से टाट के बोरे वापस मंगाकर किसी तरह खरीद प्रक्रिया शुरू कराने की कोशिश में जुटा है। बावजूद इसके अधिकांश केंद्रों पर खरीद कार्य ठप पड़ा हुआ है और किसान गेहूं लेकर इधर-उधर भटक रहे हैं।
धौरहरा के सांसद आनंद भदौरिया ने इस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार की मंशा ही गेहूं खरीदने की नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार किसानों के हितों के बजाय पूंजीपतियों को बढ़ावा दे रही है और किसानों की आय दोगुनी करने का वादा सिर्फ कागजों तक सीमित है। किसानों का कहना है कि समय पर खरीद न होने से उन्हें औने-पौने दामों पर गेहूं बेचने को मजबूर होना पड़ सकता है। उन्होंने प्रशासन से जल्द से जल्द बारदाना उपलब्ध कराकर खरीद शुरू कराने की मांग की है। क्षेत्रीय विपणन अधिकारी राजेश राम ने बताया कि बारदाना अभी धौरहरा के खरीद केंद्रों पर नहीं मिल पाया है, व्यापारियों और कोटेदारों से बोरे मंगाए गए हैं।