रोपवे की ट्रॉली की टेस्टिंग का वीडियो मंगलवार को सोशल मीडिया पर साझा किया गया। इसके जरिये सुरक्षा पर सवाल खड़े किए गए। मामला सामने आने के बाद जिला प्रशासन ने सक्रियता दिखाई और वायरल वीडियो को फर्जी करार दिया। प्रशासन ने कहा कि यह परीक्षण प्रक्रिया का हिस्सा है। सोशल मीडिया में रोपवे के प्रसारित वीडियो में जो आप देख रहे हैं, यह पूरी तरह झूठ है। वाराणसी की रोपवे प्रणाली अंतरराष्ट्रीय मानकों, विशेष रूप से यूरोपीय सुरक्षा कोड के अनुसार डिजाइन की गई है। संचालन से पहले कठोर और विस्तृत सुरक्षा परीक्षण किए जाते हैं।