भारतीय विद्यार्थी मोर्चा और भारत मुक्ति मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट पर धरना प्रदर्शन किया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। जिसमें शिक्षा व्यवस्था में सुधार और नीट परीक्षा में अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच की मांग की गईं। वक्ताओं ने चिकित्सा प्रवेश परीक्षाओं के संचालन के लिए एम्स की निगरानी में एक पारदर्शी और जवाबदेह परीक्षा व्यवस्था लागू करने का आग्रह किया। जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण आंदोलन करने वाले विद्यार्थियों पर दर्ज सभी मुकदमे तत्काल वापस लेने की मांग की। उन्होंने आंदोलन के दौरान छात्रों के साथ कथित अन्याय और दुर्व्यवहार के आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की भी मांग की। छात्रों के साथ होने वाले शोषण और अन्याय पर प्रभावी रोक लगाने, देश में समान शिक्षा व्यवस्था लागू करने और सभी विद्यार्थियों के लिए समान एवं न्यायसंगत शुल्क नीति बनाने की मांग की गई। इस मौके पर रामफल बीना, जयप्रकाश बीना, गुंजन खान, लालमणि यादव, काशीराम, शीला, सुषमा, रीता, कैलाश नाथ आदि रहे।