आर्य समाज थापर नगर के रविवारीय सत्संग में त्रैतवाद का सिद्धांत ही उचित क्यों विषय पर उद्बोधन दिया गया। राजेश सेठी ने बताया कि महर्षि स्वामी दयानन्द द्वारा अनुमोदित एवं प्रचारित त्रैतवाद का सिद्धांत ही वेद एवं उपनिषद् द्वारा प्रमाणित एवं प्रतिपादित है। संसार में परमात्मा, जीवात्मा एवं प्रकृति तीनों शाश्वत एवं अनादि हैं। परमात्मा ने मूल प्रकृति से जीवात्माओं के कल्याण के लिए इस संसार का निर्माण किया है।