बिना पैन नंबर लगाए 10 लाख रुपये तक और पैन नंबर सहित 30 लाख रुपये मूल्य के बैनामों में लेनदेन का विवरण अब आयकर विभाग के पास तिमाही जमा होगा। 20 हजार से अधिक बैनामे आयकर विभाग के रडार पर आने के बाद स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन विभाग में प्रत्येक तीन महीने पर विवरण जमा कराने की व्यवस्था लागू की गई है।