कुसाही-बढ़ौली पेयजल योजना के एक सप्ताह से ठप रहने से ग्रामीण इलाकों में पेयजल संकट गहराता जा रहा है। बढ़ती गर्मी और सूखे हैंडपंपों के बीच बूंद-बूंद पानी को तरस रही जनता की समस्याओं को लेकर मंगलवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जल निगम अधिशासी अभियंता कार्यालय पर जोरदार धरना प्रदर्शन किया। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे कांग्रेस के पूर्व प्रवक्ता शत्रुंजय मिश्रा ने कहा कि योजना के ठप होने से 115 गांवों की जनता हाहाकार कर रही है, लेकिन जिला प्रशासन और जल निगम के अधिकारी आंख मूंदे बैठे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही पेयजल आपूर्ति बहाल नहीं की गई तो कांग्रेस कार्यकर्ता भूख हड़ताल पर बैठेंगे। आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार में आम जनता को बुनियादी जरूरतों के लिए भी सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि योजना के तहत जिन गांवों में पानी पहुंचाया जाना था, उनमें से अधिकांश में सप्लाई पूरी तरह बंद है। टैंकरों से भी पानी की व्यवस्था सुचारु नहीं है, जिससे जनता बेहाल है। महिला कांग्रेस की जिलाध्यक्ष ऊषा चौबे ने कहा कि बढ़ौली, गोरारी, लोढ़ी, उरमौरा, संतनगर और घुरमा सहित कई गांवों में पानी की भारी किल्लत है। सूखते हैंडपंप और बंद टैंकर सप्लाई के चलते ग्रामीणों को पीने के पानी के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है। जल निगम के अधिकारियों की चुप्पी और निष्क्रियता से जनता में गहरा रोष है। स्थानीय वार्ड सभासद मनोज चौबे ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही पेयजलापूर्ति शुरू नहीं हुई तो जल निगम कार्यालय पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी जिला प्रशासन और जल निगम की होगी। धरना प्रदर्शन में रंगई यादव, ज्ञानवती, अनामिका, जय प्रकाश, महादेव, सीता देवी, शिवकुमारी, बसंती, रीता देवी, अजय, राजकुमार, प्रेमा देवी समेत सैकड़ों ग्रामीण उपस्थित रहे।