इटावा में कथा वाचक के साथ हुई मारपीट की घटना को लेकर समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं ने बुधवार को कलेक्ट्रेट के समक्ष जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन सौंपते हुए प्रदेश सरकार पर कानून व्यवस्था बिगाड़ने और जातिगत नफरत फैलाने का आरोप लगाया। सपा के जिला सचिव प्रमोद यादव ने कहा कि इटावा की घटना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है, जहां एक कथा वाचक से न सिर्फ जाति पूछी गई, बल्कि जबरन सिर मुड़वाकर पैसे भी छीने गए। यह इस बात का प्रतीक है कि प्रदेश में अब कानून का राज नहीं रह गया है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में आम जनमानस को जाति के नाम पर प्रताड़ित किया जा रहा है और समाज में नफरत का बीज बोया जा रहा है। मनीष त्रिपाठी ने आरोप लगाया कि भाजपा शासन में गरीबों की जमीन का जबरन अधिग्रहण किया जा रहा है और आम जनता को जाति- धर्म के आधार पर गुमराह किया जा रहा है। इस दौरान सपा नेताओं ने जाति आधारित राजनीति करने और लोकतंत्र को कमजोर करने का आरोप भी लगाया।