राजधानी मार्ग स्थित न्यू पीएचसी की ओपीडी निर्धारित समय से पहले बंद हो जाती है। यही नहीं डॉक्टर भी समय से नहीं पहुंचते हैं। बुधवार को दोपहर तक एक महिला डॉक्टर के हवाले न्यू पीएचसी रही। ऐसे में मरीजों को काफी असुविधा हुई। तमाम मरीज बिना इलाज कराए ही लौट गए। बुधवार को पीएचसी में मरीजों की काफी भीड़ रही। 240 मरीज उपचार कराने के लिए पहुंचे। शीत ऋतु में सुबह 10 से शाम चार बजे तक ओपीडी का समय निर्धारित है, लेकिन चार घंटे में ही ओपीडी सिमट जाती है। दोपहर दो बजे के बाद मरीजों को लौटना पड़ता है। बुधवार को सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक अस्पताल में सिर्फ डॉ. रश्मि वर्मा मौजूद रहीं। उनके कक्ष के बाहर मरीजों की लंबी कतार लगी रही। मरीज अपनी बारी के इंतजार में घंटों खड़े रहे। कुछ बिना इलाज कराए ही चले गए। दोपहर को डॉ. राजेश चंद्रा पहुंचे, इसके बाद मरीजों को कुछ राहत मिली। मौजूद मरीजों का कहना था कि अस्पताल में समय पर कोई भी मेडिकल स्टाफ नहीं आता है। मालूम हो कि शिकायत मिले पर कई बार सीएमओ निरीक्षण कर समय पर ओपीडी संचालित करने के लिए कह चुके हैं, इसके बाद भी कोई सुधार नहीं है। उधर, प्रदेश के स्वास्थ्य महानिदेशक डॉ. पवन कुमार ने बताया कि एक माह पहले ही उन्होंने निरीक्षण कर स्टॉफ को चेतावनी दी थी। यदि अभी भी ऐसा है तो जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।