बाराबंकी में झोपड़ी में रहकर पढ़ाई करने वाली इंटर की छात्रा पूजा अब जापान में देश का नाम रोशन करने जा रही हैं। अपने थ्रेसर मशीन के विज्ञान मॉडल से चर्चा में आईं पूजा शुक्रवार की शाम बाराबंकी से जापान के लिए रवाना हुईं। जाने से पहले उन्होंने अमर उजाला का आभार जताते हुए कहा कि 'मेरी सफलता में इस अखबार ने मेरी आवाज बनकर बड़ी मदद की।' पूजा के साथ उसके गाइड टीचर राजू श्रीवास्तव और अन्य शिक्षकों ने 'बेटी की जय-जयकार' के नारों के साथ उसे विदा किया। गौरतलब है कि पूजा ने सीमित संसाधनों के बावजूद मेहनत और लगन से विज्ञान मॉडल तैयार किया था। इससे कृषि कार्यों में किसानों को बड़ी मदद मिल सकती है। विज्ञान प्रदर्शनी में यह मॉडल छाया रहा था। अब उसी के बूते वह जापान में भारत का प्रतिनिधित्व करेगी। पूजा का सपना है कि जापान से लौटकर अपने गांव के गरीब बच्चों को आगे बढ़ाने में मदद करेंगी।