करन गौरी को लेकर अपनी मौसी के गांव सहपऊ के नगला कली पहुंच गया। तब से वहीं रह रहा था। यह खबर जब आदित्य को हुई तो वह बृहस्पतिवार को अपने तीन दोस्तों संग दो बाइकों से नगला कली पहुंच गया। यहां दोपहर करीब ढाई बजे घर के चबूतरे पर खड़े करन व गौरी आपस में बात कर रहे थे। उन्हें देख आदित्य उग्र हो गया। इस दौरान आदित्य व करन के बीच विवाद शुरू हो गया। कुछ ही देर में वे झगड़ा करने लगे। इस झगड़े में जब गौरी बीच में आई तो प्लानिंग के तहत चाकू लेकर आए आदित्य ने गौरी पर कई वार करते हुए उसकी हत्या कर दी। बीचबचाव में करन आया तो उसे भी ईंट मारकर घायल कर दिया।