बरेली में कोतवाली क्षेत्र के निवासी दंपती के पुत्र की बीमारी से मौत हो गई थी। उन्होंने बीमार होने पर अपने पुत्र को मोहल्ले में ही क्लीनिक चलाने वाले झोलाछाप सोमपाल को दिखाया था। सोमपाल ने अपने साथियों के साथ मिलकर परिजनों को गुमराह किया। उसने परिजनों को बताया कि उन पर पुत्र की हत्या का आरोप है। सीएमओ उसकी दुकान पर बैठे हैं। जहां मामला रफादफा करने के नाम पर परिजन से 2.20 लाख रुपये ठग लिए। इसके बाद परिजन यहां से मकान बेचकर नोएडा में रहने लगे। अगस्त माह में परिजन के पास एक अज्ञात नंबर से कॉल आई और दोबारा उन्हें गुमराह किया गया। अपने आप को ठगी का शिकार होता देख उन्होंने मामले की जानकारी पुलिस अधिकारियों को दी। पुलिस ने जांच के बाद फर्जी सीएमओ बने आरिफ व सिम विक्रेता मिसिरयार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। जबकि अन्य दो आरोपी फरार हैं। एसपी सिटी राहुल भाटी ने कोतवाली में इसका खुलासा किया। सीएमओ की पत्नी बनने वाली महिला समेत दो आरोपी फरार हैं।