बरेली से गंगाजल लेने गए कांवड़ियों की शाम से देर रात तक वापसी होती रही। मध्य रात्रि के बाद नाथ मंदिरों के किवाड़ खुले तो शिवभक्तों ने हर-हर महादेव उद्घोष करते हुए जलाभिषेक किया। सावन के तीसरे सोमवार को लेकर कांवड़ियों में काफी उत्साह दिख रहा है। रविवार शाम से ही पूरे उल्लास और श्रद्धा के साथ कछला व रामगंगा घाट से कांवड़ियों की वापसी का सिलसिला देर रात तक जारी रहा। जत्थों के रूप में कांवड़िये नाथ मंदिरों पर एकत्र होते रहे और जलाभिषेक के लिए प्रतीक्षा करते रहे।