उत्तर प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (यूपीसीए) के स्पीड टैलेंट हंट के पहले ही दिन सेंट जोंस क्रिकेट ग्राउंड पर रफ्तार का रोमांच देखने को मिला। बिचपुरी के पुनीत चौधरी ने 138 किमी प्रति घंटे, 17 वर्षीय शौर्य प्रताप सिंह ने 135 किमी प्रति घंटे और दीपक नरवार 134 किमी की रफ्तार से गेंदबाजी कर सबसे ज्यादा सुर्खियां बटोरीं। एक जैसी गति और सटीक गेंदबाजी ने यह संकेत भी दे दिया कि आगरा सिर्फ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर देने वाला शहर नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश के अगले तेज गेंदबाज भी यहीं से निकल सकते हैं। 14 जिलों से आए लगभग 500 खिलाड़ियों के बीच स्थानीय प्रतिभाओं का इस तरह छा जाना पहले दिन की सबसे बड़ी उपलब्धि रहा। सुबह करीब 10 बजे शुरू हुआ ट्रायल देर शाम तक चला। आगरा सेंटर पर प्रदेश के 14 जिलों से पहुंचे खिलाड़ियों ने अपनी रफ्तार का दम दिखाया। गेंदबाजों की गति मापने के लिए अत्यंत आधुनिक पॉकेट रडार और फास्ट ट्रैक ए तकनीक का इस्तेमाल किया गया। पहले दिन सबसे अधिक चर्चा आगरा के गेंदबाजों की रही। बिचपुरी के पुनीत चौधरी ने 138 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से गेंदबाजी कर चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर खींचा। वहीं मात्र 17 वर्ष के शौर्य प्रताप सिंह ने 135 किमी और दीपक नरवार ने 134 प्रति घंटे की रफ्तार से यह साबित कर दिया कि उम्र नहीं, प्रतिभा और मेहनत ही असली पहचान होती है। आगरा के गेंदबाजों की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि उन्होंने सिर्फ एक-दो तेज गेंदें नहीं फेंकीं, बल्कि पूरे स्पेल में लगातार अपनी गति बरकरार रखी। यही कारण रहा कि चयनकर्ताओं ने उनके प्रदर्शन को विशेष रूप से सराहा। महिला खिलाड़ियों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। कई महिला गेंदबाजों ने 101 किमी प्रति घंटे का आंकड़ा पार किया, जबकि अधिकतम रफ्तार 105 किमी प्रति घंटा दर्ज की गई। इस दौरान मुख्य अतिथि पुलिस उपायुक्त सैयद अली अब्बास, आगरा क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष सुनील जोशन, वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजेश सहगल, पूरन डावर, विजय भार्गव, समीर चतुर्वेदी, केके शर्मा, रमन दीक्षित और बलदेव भटनागर आदि मौजूद रहे।