मेडिकल काॅलेज पर आए दिन जाम की समस्या से राहगीर परेशान है। महानगर को स्मार्ट सिटी में शामिल कर दिया है लेकिन धरातल पर इसके लाभ देखने को नहीं मिल पा रहे हैं। व्यापार मंडल के पदाधिकारी ने बताया कि पहले सड़क 150 फीट की थी। लेकिन नगर निगम ने सड़क किनारे डिवाइडर बना दिए जिसके कारण सड़क 29 फीट की रह गई। मेडिकल व्यापार मंडल के संघर्ष करने के बाद एक तरफ के डिवाइडरों को हटा दिया गया लेकिन मेडिकल कॉलेज की तरफ अभी भी डिवाइडर हैं जिसके कारण मरीज के साथ आए लोग अपनी गाड़ियां सड़क पर ही खड़ी कर देते हैं। डिवाइडर बन जाने से ठेले वाले भी सड़क पर ही आ गए हैं जिसके कारण रोज घंटों जाम लग जाता है। व्यापार मंडल के पदाधिकारी ने बताया कि पीडब्ल्यूडी की सड़क पर नगर निगम में अतिक्रमण करके दुकान बनवा दी है लेकिन ग्राहकों की गाड़िया खड़ी करने के लिए पार्किंग नहीं बनायी गई। जिसके कारण गाड़ियां सड़क पर ही खड़ी होती हैं। जो जाम का सबसे बड़ा कारण है