ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने कहा कि वंदे मातरम को हमेशा से राजनीतिक नारे के रूप में देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यह नारा अंग्रेजों के खिलाफ संघर्ष के दौरान लोगों में उत्साह भरने का काम करता था। यह हिंदू और मुसलमानों को एकजुट करने का प्रतीक था। यह एक ऐसा नारा था जिसने एकजुटता को बढ़ावा दिया और संघर्ष को मजबूत किया। रजवी ने मौलाना महमूद मदनी के बयान पर ये प्रतिक्रिया दी है।