बरेली में गलत ऑपरेशन कर जान खतरे में डालने वाले झोलाछाप के खिलाफ कार्रवाई नहीं होने पर नाराज मरीज बुधवार को ऑटो से सीएमओ कार्यालय पहुंच गया। उसके साथ आए परिजनों ने आरोप लगाया कि नोडल अफसर ने झोलाछाप का क्लीनिक तो बंद करा दिया, लेकिन उसके खिलाफ न तो मुकदमा दर्ज कराया और न ही थाने को सीएमओ कार्यालय की तरफ से कोई रिपोर्ट भेजी है। मामले में कार्रवाई न होने तक परिजन ने कार्यालय में ही धरना की बात कही। हालांकि कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और परिजन को कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया।