बागपत जनपद के बिनौली क्षेत्र में संरक्षित पशुओं के फसलों को बर्बाद करने से गुस्साए जिवाना, दरकावदा, पिचोकरा गांव के किसानों ने सोमवार को जंगल में धरना शुरू किया हैं। धरनारत किसानों ने तीन दिन के भीतर पशुओं को नही पकड़े जाने पर अनशन शुरू करने की चेतावनी दी हैं। जिवाना गुलियान के हरेंद्र सोलंकी की ट्यूवेल पर धरना देकर बैठे किसानों का आरोप हैं कि पास में ही बिजवाड़ा गांव की गौशाला हैं। कुछ दिन गौशाला की तार बंदी टूट गयी इससे करीब 50 की संख्या में गौवंश बाहर निकलकर जंगल में आ गये। वह प्रतिदिन लगातार किसानों की गेंहू, सरसों ओर गन्ने की फसलों को खाकर बर्बाद कर रहे हैं। यदि गौवंश ऐसे ही उनकी फसलों को बर्बाद करते रहे तो वह भूख मरी के कगार पर आ जायेंगे। किसानों ने बताया कि गौशाला के गौवंश जंगल में घूमने की सूचना उन्होंने बीडीओ बिनौली, पशु चिकित्सालय केंद्र जिवाना को देकर उन्हें पकड़वाने की मांग की। लेकिन अब तक गौवंश नही पकड़े गये। धरनारत किसानों ने चेतावनी दी हैं यदि तीन दिन के भीतर गौवंश नही पकड़े गये तो वह अनशन शुरू कर करेंगे।