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Instead of taking responsibility for the defeat, the Congress blames EVMs and the Election Commission: Dhankhar
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हार की जिम्मेदारी लेने के बजाय EVM और चुनाव आयोग पर आरोप लगाती है कांग्रेस: धनखड़
हांसी।भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष ओमप्रकाश धनखड़ ने कांग्रेस पर चुनाव में हार की जिम्मेदारी लेने के बजाय बहाने बनाने का आरोप लगाया है। हांसी पहुंचे धनखड़ ने दिल्ली में जारी विरोध प्रदर्शन और विशेष गहन पुनरीक्षण को लेकर कहा कि कांग्रेस कभी ईवीएम तो कभी चुनाव आयोग पर सवाल उठाती है। जब तक कांग्रेस अपनी हार की जिम्मेदारी नहीं लेगी, तब तक उसकी नीतियों, गतिविधियों और कार्यक्रमों में सुधार नहीं हो सकता।
धनखड़ ने आरोप लगाया कि कांग्रेस की मंशा SIR प्रक्रिया के दौरान ऐसे वोटों को मतदाता सूची में बनाए रखने की थी, जिनकी वैधता पर सवाल हैं। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची का शुद्धिकरण जरूरी है और SIR के माध्यम से मृत व्यक्तियों के नाम, दोहरी प्रविष्टियों तथा अलग-अलग स्थानों पर दर्ज मतदाताओं के नामों की जांच की जाती है। उन्होंने दावा किया कि इस प्रक्रिया से मतदाता सूची साफ हुई है और कांग्रेस के विरोध को देश में व्यापक समर्थन नहीं मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि यदि कांग्रेस को चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर आपत्ति है, तो उसे संवैधानिक और संसदीय प्रक्रियाओं के माध्यम से अपनी बात रखनी चाहिए। धनखड़ ने कहा कि चुनाव आयोग पर सवाल उठाने के लिए महाभियोग जैसी संवैधानिक प्रक्रिया का रास्ता है, इसलिए सड़क पर उतरकर विरोध करने की जरूरत नहीं है।
धनखड़ ने कांग्रेस पर राजनीतिक असफलताओं का ठीकरा दूसरे संस्थानों पर फोड़ने का आरोप लगाते हुए कहा कि भारत के लोग अपनी संवैधानिक संस्थाओं, सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और चुनाव आयोग पर भरोसा करते हैं। उन्होंने कांग्रेस नेताओं के व्यवहार को लेकर भी निशाना साधा और कहा कि सार्वजनिक जीवन में मर्यादा बनाए रखना जरूरी है।
धान खरीद को लेकर पूछे गए सवाल पर ओमप्रकाश धनखड़ ने हरियाणा सरकार की नीतियों का बचाव किया। उन्होंने कहा कि हरियाणा देश का ऐसा राज्य है, जहां किसानों की फसलों की खरीद और भावांतर भरपाई की व्यवस्था की गई है। उनके अनुसार, जब वे मंत्री थे, तब 14 फसलों की सरकारी खरीद शुरू करवाई गई थी, जबकि अब 24 फसलों की खरीद की जा रही है।
धनखड़ ने कहा कि खरीद प्रक्रिया में किसानों को कई बार इंतजार करना पड़ सकता है। किसी किसान की बारी पांच या दस दिन बाद आ सकती है और व्यावहारिक कठिनाइयां भी हो सकती हैं, लेकिन इसके बावजूद हरियाणा की खरीद व्यवस्था देश में सबसे बेहतर है। उन्होंने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की प्रशंसा करते हुए कहा कि सरकार किसानों की फसलों की खरीद के लिए काम कर रही है।
हरियाणा में मुख्यमंत्री बदलने की चर्चाओं और विपक्ष की ओर से मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी को डमी मुख्यमंत्री बताए जाने के आरोपों पर धनखड़ ने इन अटकलों को खारिज करने वाला जवाब दिया। मुख्यमंत्री बनने की उनकी अपनी कथित इच्छा को लेकर सवाल पूछे जाने पर उन्होंने कहा, मैं विधायक ही नहीं हूं, तो मुख्यमंत्री कैसे बनूंगा?
धनखड़ ने नायब सिंह सैनी की तारीफ करते हुए कहा कि वे शानदार काम कर रहे हैं और देश के बेहतरीन मुख्यमंत्रियों में से एक हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री मुस्कुराते हुए काम करते हैं और प्रदेश को अच्छा नेतृत्व मिला है। वहीं बादली से कांग्रेस विधायक की ओर से विकास कार्यों में सरकार पर भेदभाव करने के आरोपों के संबंध में पूछे जाने पर धनखड़ ने कहा, "उसकी बात वहां कर लेंगे।
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