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अंबाला: कुश्ती में राष्ट्रीय स्वर्ण पदक विजेता की सैनिटाइजर पीने से मौत, सेना में भी की थी नौकरी

जिंदगी में कब और किस तरह का मोड़ आ जाए किसी को पता नहीं। कुछ इसी तरह की कहानी सैनिटाइजर पीकर मरने वाले हवालाती अजय ठाकुर उर्फ अज्जू की है। हिमाचल प्रदेश स्थित नालागढ़ के सैनी माजरा निवासी अजय को राष्ट्रीय कुश्ती प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल मिला था। इतना ही नहीं उसने सेना में तीन साल सूबेदार के पद पर भी अपनी सेवाएं दीं लेकिन उसका मन नहीं लगा और उसने नौकरी छोड़ दी। बता दें कि अजय की सैनिटाइजर पीने से मौत हुई है।

अजय अपने दोस्त वीके राणा के साथ मिलकर सैनी माजरा में खोले गए बजरंग अखाडे़ में युवाओं को पहलवानी के दाव-पेंच सिखाने शुरू कर दिए। इस समय भी अखाड़े में करीब दो दर्जन युवा ट्रेनिंग ले रहे हैं। करीब 11 माह पूर्व पंचकूला में हुई डकैती में क्राइम ब्रांच ने घटना के आठ माह बाद शक की बिनाह पर उसे घर से गिरफ्तार किया था। इसके बाद से ही अजय परेशान था और पिछले तीन माह से जेल में बंद अजय दो दिन से सैनिटाइजर पी रहा था। हालात ज्यादा बिगड़ने पर नागरिक अस्पताल में इलाज के दौरान सोमवार को उसकी मौत हो गई थी। 


डॉक्टरों के पैनल ने करवाया पोस्टमार्टम
मंगलवार मजिस्ट्रेट के समक्ष हुई वीडियोग्राफी में डॉक्टरों के पैनल ने शव का पोस्टमार्टम कराया। हेड कांस्टेबल बलजीत सिंह के अनुसार मृतक के पिता बलवंत सिंह व दोनों चाचा ने उसकी मौत पर कोई संशय जताए बिना इसे बीमारी बताया। मृतक के एक बेटा और बेटी हैं। अजय के दोस्तों जगतराम, लखविंदर, बंटी और वीके राणा ने तमाम जानकारी दी। 

यह हुई थी घटना 
मृतक के साथी हवालाती ने बताया था कि अजय पिछले दो दिन से सैनिटाइजर पी रहा था। रोकने पर नहीं माना। उसने कैंटीन से सैनिटाइजर की दो बोतलें हाथ धोने की कहकर खरीदी थीं। तबीयत बिगड़ने पर उसे नागरिक अस्पताल रेफर किया। जेल अधीक्षक लखबीर सिंह ने भी मौत का यही कारण होने का शक जताया था।
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अजय का फाइल फोटो। अजय का फाइल फोटो।

कोरोना: हरियाणा में 12 की मौत, 940 पॉजिटिव मिले, पंजाब में आठ ने तोड़ा दम, 520 नए मामले

हरियाणा में कोरोना वायरस से 12 और लोगों की मौत हो गई है, जबकि 197 मरीजों की हालत नाजुक बनी हुई है। पिछले 24 घंटे में गुरुग्राम, हिसार और यमुनानगर में दो तथा पानीपत, नूंह, सिरसा, फतेहाबाद, कैथल व चरखी दादरी में एक-एक संक्रमित मरीज ने दम तोड़ा। उधर, 940 नए मरीज भी सामने आए हैं। जबकि 925 मरीज ठीक भी हुए हैं। 

राज्य में 10,078 मरीज अभी भी वायरस से ग्रस्त हैं। रिकवरी रेट बढ़कर 92.29 प्रतिशत पहुंच गया है, जबकि संक्रमण की दर घटकर 6.29 प्रतिशत है। प्रदेश में स्वास्थ्य महकमे ने 1,80,025 मरीजों को मेडिकल सर्विलांस के दायरे में रखा है। अभी 5311 संदिग्ध मरीजों की सैंपल रिपोर्ट का इंतजार है। प्रदेश में अब तक इस संक्रमण से कुल 1660 मरीज दम तोड़ चुके हैं। प्रदेश में कुल संक्रमित मरीजों की संख्या 1,52,174 हो गई है। 

पिछले 24 घंटे में फरीदाबाद में 109, गुरुग्राम में 255, सोनीपत में 40, रेवाड़ी में 61, अंबाला में 21, रोहतक में 49, पानीपत में 6, करनाल में 20, हिसार में 88, पलवल में 20, पंचकूला में 15, महेंद्रगढ़ में 54, झज्जर में 27, भिवानी में 30, कुरुक्षेत्र में 14, नूंह में 7, सिरसा में 45, यमुनानगर में 34, फतेहाबाद में 20, कैथल में 66, जींद में 18 व चरखी दादरी में 1 नया मरीज सामने आया है।

पंजाब में संक्रमण के 520 नए मामले, 24 घंटों में आठ ने दम तोड़ा
पंजाब में कोरोना से मौतों के आंकड़ों में अब गिरावट का दौर शुरू हो गया है। पिछले 24 घंटों में कोरोना से मरने वालों की संख्या में 50 और संक्रमण की दर में 35 प्रतिशत की गिरावट आई है। मंगलवार को सूबे में संक्रमण से आठ लोगों ने दम तोड़ दिया। वहीं संक्रमण के नए मामले 520 दर्ज किए गए। अब तक सूबे में संक्रमण से 4037 लोग दम तोड़ चुके हैं।

स्वास्थ्य विभाग के अनुसार अब तक पंजाब में संदिग्ध मामलों की संख्या 2359842 पहुंच गई है। इनमें पॉजिटिव मरीजों की संख्या 128590 दर्ज की गई है। 119658 लोग ठीक हो चुके हैं। सांस लेने में परेशानी होने पर 115 संक्रमित मरीजों को ऑक्सीजन सपोर्ट पर रखा गया है। 27 लोगों की हालत गंभीर होने पर वेंटिलेटर पर रखा गया है। 

संक्रमण से मौतों के मामले में लुधियाना नंबर वन बना हुआ है। यहां अब तक सबसे ज्यादा 821 लोग संक्रमण से मौत का शिकार हो चुके हैं। जालंधर में 456 और पटियाला में 368 लोग संक्रमण से दम तोड़ चुके हैं। मंगलवार को अमृतसर में 1, होशियारपुर में 2, जालंधर में 2, लुधियाना में 1, पटियाला में 1, रोपड़ में 1 मरीज की मौत हुई है।
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अंबाला पहुंचे सेना प्रमुख एमएम नरवणे, हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा

चीन और पाक से चल रहे तनाव के बीच थलसेना प्रमुख जनरल मनोज मुकुंद नरवणे सोमवार को अंबाला पहुंचे थे। यहां उन्होंने अंबाला खड्गा कोर यूनिट और अंबाला एयरबेस का दौरा किया। साथ ही अधिकारियों के साथ बैठक कर हर परिस्थिति के लिए तैयार रहने का संदेश दिया। 

विदित हो कि यदि चीन और पाकिस्तान दोनों में से किसी के साथ भी युद्ध की स्थिति बनती है तो उनसे निपटने में अंबाला एयरबेस के साथ-साथ यहां के खड्गा कोर की भूमिका अहम रहेगी। राफेल के आगमन से अंबाला की भूमिका और भी ज्यादा महत्वपूर्ण हो चुकी है। इसकी मदद से दोनों पड़ोसी देशों पर मात्र 15 मिनट के भीतर हमारी सेना अटैक कर सकती है।

सूत्रों के अनुसार सीमा पर जहां चीन के साथ तनाव की स्थिति बनी हुई हैं, वहीं उकसावे में आकर पाक की नापाक हरकत पर भी नजर रखनी होगी। यही कारण है कि थलसेना प्रमुख ने दौरा कर अधिकारियों को हर स्थिति के लिए तैयार रहने को कहा है।
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हुड्डा बोले- एमएसपी से कम नहीं होगी खरीद, 2007 में मैंने बनाया था कानून, रद्द करके दिखाओ

हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा का कहना है कि पंजाब की तरह हरियाणा में भी एमएसपी (न्यूनतम समर्थन मूल्यः से कम कीमत पर किसान की फसल नहीं खरीदी जा सकती। क्योंकि मैं 2007 में कानून बना चुका हूं। अगर भाजपा को केंद्र के तीन कृषि कानून हरियाणा में लागू करने हैं तो पहले 2007 में पास कानून को खत्म करना होगा। अगर कानून खत्म किया तो वे सरकार के खिलाफ आंदोलन छेड़ देंगे। हुड्डा मंगलवार को रोहतक में कांग्रेस की प्रदेश स्तरीय बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। 

हुड्डा ने कहा कि बरोदा उपचुनाव में भाजपा पहले ही हार मान चुकी है, क्योंकि कई भाजपा नेता कहते रहे हैं कि एक उपचुनाव से सरकार पर फर्क नहीं पड़ेगा। जबकि 1990 के महम के उपचुनाव ने पूरी लोकदल सरकार को साफ कर दिया था। जब प्रदेश में लोकदल व समर्थकों के 85 विधायक थे। महम की तरह बरोदा उपचुनाव भाजपा व जजपा की गठबंधन सरकार की चूलें हिला देगा। 

उन्होंने कहा कि, सीएम मनोहर लाल को चुनौती दी थी कि वे बरोदा से उपचुनाव लड़कर देख लें, पता लग जाएगा कि प्रदेश की जनता किसके साथ है। उनकी चुनौती स्वीकार नहीं की गई। सीएम कहते हैं कि बरोदा से कांग्रेस प्रत्याशी को कौन जानता है। मैं, सवाल करता हूं कि सीएम मनोहर लाल को मुख्यमंत्री बनने से पहले कौन जानता था। वहीं, दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि छह साल तक भाजपा ने बरोदा की सुध नहीं ली। सीएम व मंत्री बाईपास से गुजरते रहे। अब बरोदा में बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं। 
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मुरथल में पुलिस से मुठभेड़ के बाद कुख्यात दीपक गिरफ्तार, पैर में गोली लगने से हुआ घायल

रोहतक में हरियाणा कांग्रेस की प्रदेश स्तरीय बैठक।
मुरथल बाईपास स्थित कुराड़ मोड़ से एंटी नारकोटिक्स सेल की टीम ने रूपेंद्र उर्फ मुन्ना व रामकरण गैंग के शूटर दीपक को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया है। गांव पांची जाटान निवासी दीपक इंस्पेक्टर सोनू मलिक पर गुरुग्राम में हुए हमले में वांछित था।

पुलिस टीम के रोकने के प्रयास में आरोपी बाइक से गिर गया। इसके बाद उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी फायरिंग में दीपक के पैर में गोली लगी है। उसे रोहतक पीजीआई में भर्ती कराया गया है। 


एएसपी निकिता खट्टर ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि एंटी नाकोटिक्स सेल प्रभारी प्रशांत कुमार अपनी टीम में शामिल एसआई नरेश, योगेंद्र, एएसआई यशवीर और विनोद के साथ जाहरी बाईपास पर गश्त कर रहे थे। इसी दौरान सूचना मिली कि गुरुग्राम में इंस्पेक्टर सोनू मलिक को गोली मारने के मामले में आरोपी दीपक मुरथल बाईपास से कुराड़ रोड पर आने वाला है।
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विशेष: ब्रिटिश आर्मी छोड़ बोस के सैनिक बनकर लड़े, अंग्रेजों ने द्वितीय विश्व युद्ध का शहीद बताया

सुभाष चंद बोस ने देशवासियों से अंग्रेजों के खिलाफ एकजुट होने के आह्वान किया था। इसके बाद ब्रिटिश आर्मी में बगावत शुरू हो गई थी। अंग्रेज इस बगावत को सार्वजनिक नहीं होने देना चाहते थे। बगावत अंदर ही अंदर इस कदर चलती रही कि भारतीय मूल के बहुत से सिपाहियों ने ब्रिटिश सेना छोड़ आजाद हिंद फौज में शामिल हो गए।

बोस के ये लड़ाके विभिन्न मोर्चों पर अंग्रेजों से लोहा लेते हुए शहीद भी हुए। मगर बड़ी हैरानी की बात यह है कि अंग्रेजी हुकूमत ने इस बगावत को छिपाने के इरादे से इन सैनिकों को द्वितीय विश्व युद्ध का शहीद बता दिया। इतना नहीं अगस्त 1947 में देश आजाद होने के बाद अंग्रेजी हुकूमत द्वारा भारतीय हुक्मरानों को ब्रिटिश आर्मी में भारतीय मूल के शहीद जवानों का जो रिकार्ड सौंपा गया, उसमें भी आजाद हिंद फौज के कई सिपाहियों को द्वितीय विश्व युद्ध में अंग्रेजों की ओर से लड़ते हुए शहीद बताया गया। इस तरह बोस के ये जांबाज लड़ाके जिन्होंने अंग्रेजों से बगावत कर देश की आजादी के लिए अपने प्राण न्योछावर किए, वे गुमनाम हो गए।

लेकिन केंद्र सरकार द्वारा सुभाष चंद्र बोस और उनकी आजाद हिंद फौज से जुड़े तमाम रिकार्ड को सार्वजनिक करने के बाद आजाद हिंद फौज के सिपाहियों से संबंधित दस्तावेजों से अब उक्त खुलासे हो रहे हैं। ये रिकॉर्ड केंद्रीय सांस्कृतिक मंत्रालय में राष्ट्रीय अभिलेखागार की इंडियन नेशनल आर्मी नोमिनल रोल संबंधी विंग में मौजूद हैं। हरियाणा के चरखी दादरी के ढाणी फौगाट गांव निवासी इतिहासविद श्रीभगवान फौगाट पिछले कई सालों से इसका अध्ययन कर रहे हैं।
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नार्को आतंकवाद मामला: NIA ने पेश की 14000 पन्नों की चार्जशीट, रियाज नाइकू समेत 10 को बनाया आरोपी

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