{"_id":"6a79eb8fdfdfc75d510feb52","slug":"video-rooms-demolished-just-two-months-after-renovation-2026-08-10","type":"video","status":"publish","title_hn":"कायाकल्प के दो महीने बाद ही ढहाए गए कमरे, VIDEO","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चहनिया विकास खंड के सोनबरसा गांव स्थित प्राथमिक विद्यालय में कमरों की भारी कमी के कारण नौनिहालों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। जगह के अभाव में मजबूरीवश एक ही क्लासरूम में दो-दो कक्षाओं के बच्चों को एक साथ बैठाकर पढ़ाया जा रहा है, जिससे न तो शिक्षक ठीक से पढ़ा पा रहे हैं और न ही बच्चे सही से ध्यान लगा पा रहे हैं।
ग्राम प्रधान राधिका देवी के प्रतिनिधि आनंद सोनकर ने बताया कि लगभग दो वर्ष पूर्व 'कायाकल्प योजना' के तहत 10 लाख रुपये की लागत से विद्यालय का जीर्णोद्धार कराया गया था। हालांकि, कायाकल्प के महज एक-दो महीने बाद ही विद्यालय के कुछ कमरों का ध्वस्तीकरण कर दिया गया, जिससे अचानक कमरों की किल्लत पैदा हो गई।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।