सीहोर जिले के इछावर क्षेत्र में सार्वजनिक वितरण प्रणाली को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बरखेड़ा कुर्मी की उचित मूल्य दुकान पर गेहूं और अन्य खाद्यान्न देने के बजाय हितग्राहियों को कथित तौर पर नकद राशि दिए जाने का मामला सामने आया है। मामले से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद खाद्य विभाग और प्रशासन सक्रिय हो गया है।
जानकारी के मुताबिक बरखेड़ा कुर्मी निवासी अनीता बाई, सुनीता बाई और कृष्णा बाई ने आरोप लगाया कि उचित मूल्य दुकान पर उन्हें राशन सामग्री के स्थान पर नकद पैसे दिए गए। हितग्राहियों का कहना है कि वे सरकारी खाद्यान्न लेने दुकान पहुंची थीं, लेकिन उन्हें अनाज के बजाय राशि दी गई। इस दावे के सामने आने के बाद वितरण व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।
अधिकारी बोले- नकद वितरण का प्रावधान नहीं
एएफओ आकाश चंदेल ने मामले पर स्पष्ट किया कि राशन के स्थान पर नकद राशि वितरित करने का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने कहा कि मामला संज्ञान में आया है और पूरे प्रकरण की जांच कराई जाएगी। अब जांच में यह पता लगाया जाएगा कि वास्तव में हितग्राहियों को राशि दी गई थी या मामले में किसी स्तर पर नियमों का उल्लंघन हुआ।
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एक साल का रिकॉर्ड खंगाल रही टीम
इछावर एसडीएम स्वाति मिश्रा के निर्देश पर खाद्य विभाग और जेएसओ की जांच टीम को मौके पर भेजा गया है। टीम संबंधित राशन दुकानों के पिछले एक साल के रिकॉर्ड की बारीकी से जांच कर रही है। स्टॉक रजिस्टर, वितरण रिकॉर्ड, पीओएस मशीन का डेटा और हितग्राहियों के बयान जांच का प्रमुख आधार बनाए गए हैं।
छह महीने से राशन नहीं मिलने का भी आरोप
इसी क्षेत्र के झरखेड़ा और दौलतपुरा के ग्रामीणों ने भी उचित मूल्य दुकान पर गंभीर आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें करीब छह महीने से राशन नहीं मिला। आरोप है कि दुकान संचालक बायोमेट्रिक मशीन पर अंगूठा लगवा लेते हैं, लेकिन इसके बाद खाद्यान्न उपलब्ध नहीं कराया जाता। ग्रामीणों ने एसडीएम कार्यालय पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई और निष्पक्ष जांच की मांग की है।
स्टॉक और अंगूठे के रिकॉर्ड से खुलेगा राज
अब जांच का सबसे अहम बिंदु यह होगा कि पीओएस मशीन में जिन हितग्राहियों का खाद्यान्न वितरण दर्ज है, उन्हें वास्तव में अनाज मिला या नहीं। स्टॉक रजिस्टर और ऑनलाइन वितरण रिकॉर्ड का मौके पर मौजूद खाद्यान्न से मिलान किया जाएगा। यदि रिकॉर्ड में वितरण दर्ज मिला और हितग्रियों ने खाद्यान्न मिलने से इनकार किया, तो मामला गंभीर अनियमितता की दिशा में जा सकता है।
दोषी मिले तो होगी सख्त कार्रवाई
एसडीएम स्वाति मिश्रा ने बताया कि बरखेड़ा कुर्मी और दौलतपुरा क्षेत्र से मिली शिकायतों पर तत्काल संज्ञान लिया गया है। जांच टीम मौके पर भेजी गई है और रिकॉर्ड की विस्तृत पड़ताल की जा रही है। उन्होंने कहा कि जांच रिपोर्ट में किसी भी प्रकार की लापरवाही या गड़बड़ी सामने आने पर दोषियों के खिलाफ सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।