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सिरमौर में चोरी और लूट की घटनाओं पर भड़के डॉ. बिंदल, कानून व्यवस्था पर उठाए सवाल
Ankesh Dogra
Updated Wed, 04 Nov 2026 12:44 PM IST
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सिरमौर जिले में चोरी और लूट की बढ़ती घटनाओं को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने प्रदेश सरकार और पुलिस प्रशासन पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिले में लगातार हो रही आपराधिक वारदातों के कारण आम लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं और प्रदेश में कानून व्यवस्था की स्थिति पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
डॉ. बिंदल ने बुजुर्ग से लूट और घरों, वाहनों तथा गोदामों में हुई चोरी की घटनाओं का जिक्र करते हुए पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि एक गोदाम में चोरी की घटना के दौरान मालिक ने एक संदिग्ध व्यक्ति को पकड़कर पुलिस के हवाले किया था, लेकिन बाद में उसे छोड़ दिया गया। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाने की मांग की। हालांकि, इस मामले में पुलिस का पक्ष सामने नहीं आया है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने प्रशासन पर राजनीतिक प्रतिशोध के तहत लोगों को प्रताड़ित करने का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार और पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी है।
डॉ. बिंदल ने पंचायत प्रतिनिधियों पर मेलों के आयोजन के लिए धन जुटाने का दबाव बनाए जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार से मिलने वाली टाइड ग्रांट का इस्तेमाल निर्धारित विकास कार्यों के लिए पंचायत स्तर पर ही होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि इस राशि को अन्य कार्यों में खर्च किया जा रहा है। उन्होंने पंचायतों की वित्तीय स्वायत्तता बनाए रखने की मांग की।
आपदा राहत के 500 करोड़ रुपये के आवंटन पर भी सवाल
पीडीएनए (Post Disaster Needs Assessment) के तहत केंद्र सरकार से हिमाचल प्रदेश को मिली करीब 500 करोड़ रुपये की सहायता राशि के आवंटन को लेकर भी डॉ. बिंदल ने सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि आपदा से क्षतिग्रस्त सड़कों और बुनियादी सुविधाओं की मरम्मत के लिए मिली इस राशि के इस्तेमाल में राजनीतिक भेदभाव और भाई-भतीजावाद किया जा रहा है।
उन्होंने मांग की कि आपदा राहत राशि का आवंटन जरूरत और प्रभावित क्षेत्रों की प्राथमिकता के आधार पर किया जाए तथा इसके इस्तेमाल में पूरी पारदर्शिता बरती जाए।
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