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कैसा रहेगा वर्ष 2021, जानें अनुभवी ज्योतिषाचार्यों से
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कैबिनेट बैठक आज, शिक्षा विभाग से जुड़े पांच एजेंडों पर होगा मंथन

हिमाचल में स्कूलों को खोलने और कॉलेज के फर्स्ट और सेकेंड ईयर के विद्यार्थियों को बिना परीक्षा लिए अगली कक्षाओं में प्रमोट करने का मंगलवार को फैसला हो सकता है। आज सचिवालय में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर की अध्यक्षता में मंत्रिमंडल की बैठक होगी, जिसमें कई एजेंडों पर मंथन होगा। 
उपभोक्ताओं को घर-द्वार पर सस्ता राशन मुहैया कराने के लिए 50 राशनकार्डों पर भी डिपो खोलने और प्याज की आसमान छूतीं कीमतों पर मंथन किया जाएगा। सोमवार को भी सरकार ने उपायुक्तों को निर्देश दिए हैं कि वे प्याज के भाव पर नजर रखें। प्रतिदिन प्याज के दाम सरकार को भेजने के लिए कहा गया है। सरकार डिपो में भी आलू और प्याज बेचने पर विचार कर रही है।

हालांकि, पूर्व में भी प्याज के दाम बढ़ने से सरकार ने डिपो में प्याज भेजा था लेकिन सप्ताह बाद दाम गिरने से यह प्याज डिपो में ही खराब हो गया था। उल्लेखनीय है कि दसवीं और बारहवीं की बोर्ड कक्षाओं के लिए नवंबर से नियमित कक्षाएं शुरू हो सकती हैं। शिक्षा विभाग ने दो विकल्पों सहित इस बाबत सरकार को प्रस्ताव भेजा है। पहले विकल्प के तहत दसवीं और बारहवीं, दूसरे विकल्प के तहत नौवीं से बारहवीं तक की कक्षाओं को खोलने की योजना है। पहली से आठवीं तक की कक्षाओं को शुरू करने को लेकर अभी सरकार का कोई विचार नहीं है। 

 
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हिमाचल कैबिनेट बैठक (फाइल फोटो) हिमाचल कैबिनेट बैठक (फाइल फोटो)

हिमाचल: लाहौल के रिहायशी इलाकों में सीजन की पहली बर्फबारी, केलांग में पारा माइनस एक डिग्री

हिमाचल में लाहौल के ग्रामीण इलाकों में इस सर्दी की पहली बर्फबारी हुई है। इससे पहले मई के आखिरी सप्ताह में घाटी के ग्रामीण क्षेत्रों में ताजा हिमपात हुआ था। धौलाधार की ऊंची पर्वत शृंखलाओं, सीबी रेंज की पहाड़ियों, घेपन पीक सहित चंद्राघाटी के कोकसर, सिस्सू, खंगसर, गोंधला तथ्सस तोदघाटी के कालोंग, तिनो, योचे और दारचा के रिहायशी क्षेत्रों में दो से तीन सेंटीमीटर तक ताजा हिमपात हुआ है। रोहतांग और बारालाचा दर्रा में पांच सेंटीमीटर जबकि कुंजम दर्रा में चार सेंटीमीटर तक बर्फ गिरी है। इससे समूचे क्षेत्र में शीतलहर तेज हो गई है।

जिला मुख्यालय केलांग के ऊंचाई वाले इलाके भी बर्फ से सफेद हो गए हैं। घाटी में पिछले दो से तीन माह से मौसम साफ था लेकिन 25 अक्तूबर की शाम से अचानक बादलों ने यहां डेरा डाला और रात होते-होते अटल टनल रोहतांग के नॉर्थ पोर्टल, तेलिंग और युरामूर्ति गांव में बर्फबारी शुरू हो गई। वहीं, रोहतांग दर्रा से होकर मनाली-लेह मार्ग, केलांग-काजा मार्ग पर वाहनों की आवाजाही सामान्य है जबकि चंद्रताल जाने वाले वाहनों को कोकसर से आगे नहीं जाने दिया जा रहा है। दूसरी ओर, चंबा के साचपास दर्रे में भी ताजा बर्फबारी हुई है। इसको देखते हुए चंबा प्रशासन ने किलाड़-चंबा रूट पर चलने वाली बस को बंद कर दिया है। 
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कोरोना संकट के बीच शिक्षा मंत्री के लिए खरीद ली 18 लाख की नई एसयूवी

कोरोना संकट के बीच आर्थिक संकट से गुजर रही प्रदेश सरकार के शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर के लिए 18 लाख रुपये की नई एसयूवी खरीद ली गई है। उच्च शिक्षा निदेशालय ने मंत्री के सुगम सफर के लिए अपने बजट से टाटा हैरियर गाड़ी की खरीद की है। शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर के पास पहले से ही एक सरकारी फॉर्चूनर और एक इनोवा गाड़ी है।

सुरेश भारद्वाज के शिक्षा मंत्री रहते हुए कैबिनेट से नई गाड़ी की खरीद की मंजूरी ली गई थी लेकिन कोरोना के कारण सुुरेश भारद्वाज ने गाड़ी की खरीद नहीं की। अब विभाग बदलने के बाद उच्च शिक्षा निदेशालय ने नई गाड़ी खरीद ली है। आर्थिक कमी के चलते प्रदेश सरकार को हर माह करोड़ों रुपये का कर्ज लेना पड़ रहा है। बीते सप्ताह ही सरकार ने एक हजार करोड़ का कर्ज लेने की प्रक्रिया शुरू की है। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर लगातार खर्चों को कम करने की अपील करते आ रहे हैं।

इसी बीच शिक्षा निदेशालय की ओर से की गई एसयूवी की खरीद सवालों के घेरे में आ गई है। विभागीय अधिकारियों का तर्क है कि इनोवा गाड़ी पुरानी हो गई है। राज्य मंत्रिमंडल के समक्ष इसको लेकर प्रस्ताव भेजा गया था। सरकार ने इनोवा क्रिसटा को खरीदने के लिए मंजूरी दी थी। पूर्व शिक्षा मंत्री सुरेश भारद्वाज के समय गाड़ी की खरीद नहीं हुई। अब इनोवा गाड़ी की हालत काफी खराब होने पर टाटा हैरियर को खरीदा गया है। विभागीय अधिकारियों का यह भी कहना है कि टाटा हैरियर की कीमत इनोवा क्रिसटा से कम है। 
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हिमाचल: ड्रोन और सीसीटीवी की नजर से बच नहीं पाएगा खनन माफिया

अवैध खनन पर नकेल कसने के लिए पुलिस अब जिला खनन फंड का इस्तेमाल करेगी। अब खनन माफिया पुलिस की नजरों से बच नहीं पाएगा। खनन माफिया पर ड्रोन और सीसीटीवी की नजर से बच नहीं पाएगा। डीजीपी संजय कुंडू ने सभी एसपी को निर्देश जारी किए हैं कि वह अपने क्षेत्राधिकार में आने वाले संवेदनशील इलाकों में निगरानी और अवैध खनन पर रोक लगाने के लिए संबंधित जिले के डीसी के साथ तालमेल बैठाकर इस फंड की मदद से ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों की खरीद करें।

सीसीटीवी और ड्रोन की मदद से अवैध खनन के साथ ही इस काम में शामिल वाहनों की भी पड़ताल की जा सकेगी। इससे लाभ यह होगा कि भले ही मौके पर खनन करते हुए वाहन न मिलें, लेकिन उसे बाद में भी तलाश कर विधिक कार्रवाई की जा सकेगी। डीजीपी के निर्देश के बाद बद्दी, ऊना व सिरमौर जिलों के एसपी ने अपने जिले के डीसी के साथ संपर्क भी साध लिया है।

संयुक्त चेक पोस्ट पर अभी फैसला नहीं 
मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने अपने बजट भाषण में अवैध खनन पर रोक लगाने के लिए पुलिस और उद्योग विभाग के खनन अधिकारियों के संयुक्त चेक पोस्ट बनाने की घोषणा की थी।

10 चेक पोस्ट बनाने के लिए पुलिस ने उन अतिसंवेदनशील क्षेत्रों का भी चयन कर लिया था जहां इन्हें स्थापित कर अवैध खनन पर नकेल कसी जानी थी। पुलिस मुख्यालय ने गृह विभाग के माध्यम से उद्योग विभाग को इन चेक पोस्ट को स्थापित करने के लिए प्रस्ताव भी भेज दिया। लेकिन अभी तक इस प्रस्ताव पर फैसला नहीं हो सका है।
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स्टाफ की किल्लत से खुद बीमार हो गया टांडा अस्पताल, चिकित्सकों के 1029 पद कम

डीजीपी संजय कुंडू
 चंबा, हमीरपुर, ऊना, मंडी और कांगड़ा जिलों के मरीजों का इलाज करने के लिए बने टांडा अस्पताल में हालात बद से बदतर होते जा रहे लेकिन सरकार मौन धारण किए हुए है। आईजीएमसी शिमला के मुकाबले टांडा अस्पताल में आधा स्टाफ भी नहीं है। स्टाफ की किल्लत की वजह से मरीजों को समय पर इलाज नहीं मिल रहा। जनवरी माह में टांडा अस्पताल प्रशासन ने प्रदेश सरकार को पत्र लिखकर कम स्टाफ की व्यथा बताई लेकिन आज तक सरकार ने उसका जवाब देना तक उचित नहीं समझा। आईजीएमसी के मुकाबले टांडा अस्पताल में पैरामेडिकल स्टाफ के 952 स्वीकृत पद कम हैं। आईजीएमसी में पैरामेडिकल स्टाफ के 1865 स्वीकृत पद हैं जबकि टांडा अस्पताल में मात्र 929 का स्टाफ स्वीकृत है।

इसी तरह आईजीएमसी के मुकाबले टांडा अस्पताल में चिकित्सकों के भी 77 पद कम हैं। स्टाफ कम होने की वजह से टांडा अस्पताल में हालात बद से बदतर हो गए हैं। सुबह पर्ची बनवाने से लेकर चिकित्सक से जांच और मेडिकल टेस्ट करवाने के लिए मरीजों की सांस फूल जाती है। स्टाफ की कमी से सुपर स्पेशियलिटी मानो बंद ही पड़ी है। दिल के मरीज टांडा से शिमला और चंडीगढ़ रेफर हो रहे हैं। ईको और एंजियोग्राफी नहीं हो रही है। ऑपरेशन, अल्ट्रासाउंड, सीटी स्कैन, एमआरआई, ईको टेस्ट के लिए मरीजों को तारीख पर तारीख मिल रही है। टांडा में मरीजों की रोजाना करीब 2000 ओपीडी है। टांडा मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. भानु अवस्थी ने माना कि अस्पताल में स्टाफ की कमी है। उन्होंने माना कि जनवरी माह में सरकार को पत्र भेजकर आईजीएमसी के मुकाबले टांडा मेडिकल कॉलेज में स्टाफ देने का आग्रह किया गया था। 
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सरकारी स्कूल: स्टील की बोतलों में पानी पीएंगे पहली, तीसरी और नौवीं कक्षा के विद्यार्थी

हिमाचल में पहली, तीसरी और नौवीं कक्षा के छात्रों को स्टील की 750 मिलीलीटर की पानी की बोतल दी जाएगी। सरकार स्कूलों में पहली बार यह बोतलें वितरित रही है। प्रदेश के सभी जिलों के उपनिदेशक कार्यालयों में बोतलों का स्टॉक पहुंच गया है। इन बोतलों में से प्रत्येक की बाजार में कीमत 198 रुपये है। प्लास्टिक की बोतलों का इस्तेमाल न हो, इस उद्देश्य से इन बोतलों का आवंटन किया जाएगा। उच्च शिक्षा विभाग को सरकार की तरफ से निर्देश मिलते ही बोतलों का आवंटन किया जाएगा। विभाग की ओर से पहली, तीसरी और नौवीं कक्षा के विद्यार्थियों को यह बोतल दी जानी है।  

प्लास्टिक की बोतलों के प्रयोग पर रोक लगाने के लिए सरकार की ओर से यह कवायद शुरू की गई है। इसी के मद्देनजर सरकार ने स्टील की बोतलें बांटने का निर्णय लिया है। इन बोतलों में छात्र स्कूल में पानी लाएंगे। उच्च शिक्षा विभाग के उपनिदेशक दिलबर जीत चंद्र ने कहा कि पहली, तीसरी और नौवीं कक्षा के छात्रों को स्टील की बोतलें बांटी जाएंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार के निर्देशानुसार पहली बार पानी की बोतलों का आवंटन किया जा रहा है। जैसे ही सरकार की तरफ से आवंटन शुरू करने के निर्देश दे दिए जाएंगे। स्कूली बच्चों को बोतलें दे दी जाएंगी। वहीं इस योजना के जिला समन्वयक राजेश हमदर्द ने कहा कि स्टॉक विभाग के पास पहुंच गया है।  
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अभिनेत्री रवीना टंडन ने डलहौजी में मनाया जन्मदिन, सेट पर काटा केक

CoronaVirus in Himachal: चार संक्रमितों की मौत, प्रदेशभर में 177 नए मामले

हिमाचल प्रदेश में चार और कोरोना संक्रमितों की मौत हो गई है। टांडा में चौंतड़ा चंबा की 65 वर्षीय कोरोना संक्रमित बुजुर्ग महिला ने दम तोड़ दिया। वहीं, नेरचौक मेडिकल कॉलेज मंडी में मबोग करसोग के 25 वर्षीय कोरोना संक्रमित युवक की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि मृतक का दो बार ब्रेन ट्यूमर का ऑपरेशन हुआ था। इसके अलावा नेरचौक निवासी 83 वर्षीय कोरोना संक्रमित बुजुर्ग ने भी दम तोड़ दिया। देररात को काॅलेज में कुल्लू जिले के ढालपुर निवासी 70 वर्षीय कोरोना संक्रमित बुजुर्ग व्यक्ति की मौत हो गई।  वहीं प्रदेश में सोमवार को 177 नए मामले आए हैं। कुल्लू जिले में 34, शिमला 33, हमीरपुर 20, कांगड़ा 25, मंडी 13, किन्नौर 12, बिलासपुर 10, चंबा 8, ऊना 4, लाहौल-स्पीति 7,  सिरमौर 2 और सोलन में 9 नए मामले आए हैं। 

हमीरपुर जिले 20 लोग पॉजिटिव पाए गए हैं।  मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अर्चना सोनी ने बताया कि नए मामले झिनकरी, बस्सी, बरोग, मनसाई और भोरंज के गांव डुंगरी से आए हैं। इसके साथ ही प्रदेश में  संक्रमितों का कुल आंकड़ा 20586 के पार हो गया है। 2511 सक्रिय मामले हैं। कोरोना से 17760 लोग ठीक हो चुके हैं। हिमाचल में कोरोना मरीजों के ठीक होने की दर 86 फीसदी तक पहुंच गई है। राज्य में 290  कोरोना संक्रमितों की मौत हो चुकी है। 
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