कोंडागांव के चिपावण्ड फीडर के अंतर्गत आने वाले कई गांवों के किसानों ने लो वोल्टेज और लगातार हो रही बिजली कटौती से परेशान होकर मंगलवार को कोंडागांव स्थित बिजली विभाग कार्यालय का घेराव किया। इस दौरान ग्रामीणों ने बिजली व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर जमकर नाराजगी जताई और अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर समस्या के त्वरित समाधान की मांग की।
प्रदर्शन में आश्रित ग्राम भगदेवा, बफना, बड़ेभिरावण्ड, छोटेभिरावण्ड, छोटेबंजोड़ा, नेवता, लखनपुरी, उमरगांव, कुलझर और मालगांव सहित आसपास के कई गांवों के किसान बड़ी संख्या में शामिल हुए। किसानों का कहना है कि मार्च महीने में गर्मी की शुरुआत होते ही क्षेत्र में बिजली कटौती की समस्या बढ़ गई है। दिन भर में करीब 5 से 6 घंटे तक बिजली बंद रहती है और जब बिजली आती भी है तो लो वोल्टेज की समस्या के कारण कृषि कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
ग्रामीणों ने बताया कि क्षेत्र के अधिकांश किसान खेती पर निर्भर हैं और इस समय गर्मी की फसल के लिए सिंचाई की जरूरत होती है, लेकिन पर्याप्त बिजली नहीं मिलने से फसल को नुकसान पहुंचने की आशंका बनी हुई है। इसके अलावा लगातार बिजली कटौती के कारण बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है, क्योंकि इस समय स्कूलों में परीक्षाएं चल रही हैं।
किसानों ने आरोप लगाया कि इस समस्या को लेकर कई बार बिजली विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला। इससे नाराज होकर ग्रामीणों ने मजबूर होकर बिजली कार्यालय का घेराव किया और प्रशासन का ध्यान इस ओर आकर्षित किया।
इस दौरान किसानों ने एसडीएम कोंडागांव को भी ज्ञापन सौंपा। वहीं एसडीएम कोंडागांव और सीएसपीडीसीएल कोंडागांव के कार्यपालन अभियंता ने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि एक सप्ताह के भीतर चिपावण्ड फीडर के अंतर्गत आने वाले सभी गांवों में लो वोल्टेज और बिजली कटौती की समस्या का समाधान करने का प्रयास किया जाएगा। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि सप्ताह भर के भीतर समस्या का समाधान नहीं हुआ तो वे उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे।