{"_id":"69870b6e0f2ce96cde07c449","slug":"video-amatha-ma-608-vatara-ka-satayapana-para-sapaiya-na-uthae-saval-garamanae-bl-belo-na-thaya-farama-sata-2026-02-07","type":"video","status":"publish","title_hn":"अमेठी में 608 वोटरों के सत्यापन पर सपाइयों ने उठाए सवाल, ग्रामीण बोले-बीएलओ ने दिया फॉर्म सात","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अमेठी में 608 वोटरों के सत्यापन पर सपाइयों ने उठाए सवाल, ग्रामीण बोले-बीएलओ ने दिया फॉर्म सात
अमेठी में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) अभियान के दौरान बरसंडा गांव में फॉर्म सात के कथित दुरुपयोग को लेकर विवाद गहरा गया है। 608 वोटरों के सत्यापन को लेकर गहमागहमी बढ़ गई है । शुक्रवार को सपा जिलाध्यक्ष और कांग्रेस जिला एसआईआर प्रभारी ने गांव पहुंचकर ग्रामीणों से बात की। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के बूथ लेवल एजेंट फर्जी तरीके से मतदाताओं के नाम अनुपस्थित, मृतक या डुप्लीकेट दर्शाकर सूची से हटाने का प्रयास कर रहे है।
बरसंडा के ग्रामीणों ने बताया कि नाम हटाने के लिए शुक्रवार को उन्हें फॉर्म सात दिया गया है, जिसके बाद से माहौल गरमा गया है। गांव के आफताब हुसैन, अलाउद्दीन, रुखसार ने बताया कि फॉर्म सात मिला है, जिसमें उनको अनुपस्थित बताया गया है। आमिर और जान मोहम्मद ने बताया कि उन्हें मृतक की श्रेणी में डाल दिया गया है।
सैय्यद नगर के मेराज ने भी खुद को अनुपस्थित दिखाए जाने पर आपत्ति दर्ज कराई है। प्रभावित मतदाताओं का कहना है कि वे गांव में ही निवास करते हैं और नियमित रूप से मतदान करते आए हैं, फिर भी उनके नाम सूची से काटे जाने के लिए चिह्नित किए गए हैं।
ग्रामीण शराफत हुसैन के अनुसार, तहसील स्तर से सैकड़ों की संख्या में प्रारूप फॉर्म सात भेजे गए, जिनमें मतदाताओं को विभिन्न कारणों से अनुपस्थित या मृतक दर्शाया गया है। उनका कहना है कि यह कार्रवाई एक विशेष वर्ग को निशाना बनाने के उद्देश्य से राजनीतिक दबाव में की जा रही है।
इस मामले ने तब तूल पकड़ा जब ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि स्थानीय भाजपा बूथ एजेंट अमरनाथ ने प्रारूप फॉर्म सात पर हस्ताक्षर किए हैं। हालांकि, अमरनाथ ने इन आरोपों से इन्कार किया है, जिससे प्रकरण और अधिक संदेहास्पद हो गया है।
समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष राम उदित यादव ने इसे लोकतंत्र और संविधान की भावना के विरुद्ध बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि मतदाताओं के नाम योजनाबद्ध तरीके से हटाए जाने का प्रयास किया जा रहा है। अगर निष्पक्ष जांच नहीं हुई तो पार्टी इसे जनआंदोलन का रूप देगी। कांग्रेस जिला एसआईआर प्रभारी खुर्शीद अजीज ने भी फॉर्म सात के अत्यधिक उपयोग पर सवाल उठाते हुए तहसील प्रशासन की भूमिका पर संदेह जताया और स्वतंत्र जांच की मांग की।
चारों बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) ने बताया कि उन्हें तहसील से सुपरवाइजर के माध्यम से फॉर्म प्राप्त हुए थे, जिनमें कुछ नामों को डुप्लीकेट, मृतक या अनुपस्थित दर्शाया गया था। बूथवार आंकड़ों के अनुसार, बरसंडा में बूथ संख्या 126 पर 167, 127 पर 170, 128 पर 210 और 129 पर 61 फॉर्म सात जारी किए गए, जिनकी संख्या लगभग 608 है। इसके अलावा तेतारपुर में भी बूथ संख्या 130 पर 127 और बूथ 131 पर 70 मतदाताओं के नाम विलोपन सूची में बताते हुए फार्म सात जारी किए गए हैं ।
मुसाफिरखाना एसडीएम अभिनव कनौजिया ने कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। बगैर सत्यापन के किसी का नाम नहीं काटा जाएगा। अगर किसी भी स्तर पर अनियमितता पाई गई तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।