Hindi News
›
Video
›
Haryana
›
Hisar News
›
Olympian DSP Jaibhagwan has received a notice from the Siwani court regarding a complaint of assault.
{"_id":"6ab3b302433db369dd01bb49","slug":"video-olympian-dsp-jaibhagwan-has-received-a-notice-from-the-siwani-court-regarding-a-complaint-of-assault-2026-09-23","type":"video","status":"publish","title_hn":"मारपीट की शिकायत पर ओलंपियन डीएसपी जयभगवान को सिवानी अदालत का नोटिस मिला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मारपीट की शिकायत पर ओलंपियन डीएसपी जयभगवान को सिवानी अदालत का नोटिस मिला
सिवानी की अदालत ने अस्पताल कर्मचारी से कथित मारपीट के मामले में ओलंपियन मुक्केबाज एवं डीएसपी जयभगवान को नोटिस जारी किया है। शिकायतकर्ता नव रतन ने आरोप लगाया है कि 6 मई, 2025 को सिवानी के श्रीकृष्ण प्रणामी अस्पताल में वाहन हटाने को लेकर हुए विवाद के बाद उसके साथ मारपीट की गई। अदालत ने मामले की परिस्थितियों पर भिवानी के पुलिस अधीक्षक से भी रिपोर्ट तलब की है।
शिकायतकर्ता के अधिवकता जिले सिंह कांटीवाल ने बताया कि एसडीजेएम धर्मपाल की अदालत में शिकायतकर्ता नव रतन और गवाह संजय ने प्रारंभिक साक्ष्य दर्ज कराए। इसके बाद शिकायतकर्ता ने अपना प्रारंभिक साक्ष्य बंद कर दिया। अदालत ने सार्वजनिक सेवक के खिलाफ शिकायत होने के कारण संबंधित प्रावधानों के तहत प्रस्तावित आरोपी को नोटिस जारी कर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया है।
शिकायत के अनुसार, नव रतन 6 मई, 2025 को अस्पताल में ड्यूटी पर था। वहां तत्कालीन डीएसपी जयभगवान का वाहन उस स्थान पर खड़ा था, जहां पानी का टैंकर खड़ा किया जाना था। अस्पताल प्रबंधन के कहने पर शिकायतकर्ता ने सुरक्षा कर्मी से वाहन चालक को वाहन हटाने की सूचना देने को कहा।
शिकायतकर्ता का आरोप है कि जयभगवान अस्पताल परिसर में पहुंचे और वाहन हटाने को कहे जाने पर नाराज हो गए। आरोप है कि उन्होंने नव रतन को बाहर खींचकर लात-घूंसों से मारपीट की और धमकी दी। शिकायत के मुताबिक, अस्पताल प्रबंधक ने बीच-बचाव करते हुए मारपीट पर सवाल किया तो जयभगवान ने खुद को सिवानी का डीएसपी बताया।
नव रतन ने आरोप लगाया कि बाद में उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया और जयभगवान ने कथित तौर पर माफी मांगते हुए गलती होने की बात कही। शिकायत के अनुसार, घटना के अगले दिन 7 मई को सिवानी थाने में बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था।
शिकायतकर्ता ने यह भी आरोप लगाया कि अस्पताल में उपचार के बावजूद उसके भर्ती होने और उपचार संबंधी रिकॉर्ड ठीक से दर्ज नहीं किए गए। उसका आरोप है कि बाद में पुलिस ने मामले में रद्दीकरण रिपोर्ट पेश कर दी और जांच प्रभावित होने की आशंका जताई, क्योंकि आरोपी स्वयं पुलिस अधिकारी थे।
शिकायत में यह भी कहा गया है कि घटना की सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध थी और जांच अधिकारी को दी गई थी। नव रतन ने पुलिस की रद्दीकरण रिपोर्ट खारिज करने तथा बीएनएस की संबंधित धाराओं के तहत जयभगवान को तलब करने की मांग की है।
अदालत ने मामले में प्रस्तावित आरोपी को नोटिस जारी करने के साथ भिवानी एसपी से घटना की रिपोर्ट मांगी है। मामले की अगली सुनवाई 14 अक्तूबर को होगी। इस दिन प्रस्तावित आरोपी की उपस्थिति और एसपी की रिपोर्ट पर विचार किया जाएगा।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।