{"_id":"675fbc09c565b0acda018b9d","slug":"approval-for-revival-of-parichha-baruasagar-and-bariyarpur-dam-jhansi-news-c-11-1-jhs1033-454245-2024-12-16","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jhansi News: पारीछा, बरुआसागर और बरियारपुर बांध के पुनरुद्धार को मंजूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jhansi News: पारीछा, बरुआसागर और बरियारपुर बांध के पुनरुद्धार को मंजूरी
संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी
Updated Mon, 16 Dec 2024 11:05 AM IST
Link Copied
केन-बेतवा लिंक परियोजना की तकनीकी समिति की बैठक में फैसला, चार सौ करोड़ रुपये होंगे खर्च
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। केन-बेतवा लिंक परियोजना (केबीएलपी) की तकनीकी सलाहकार समिति (टीएजी) ने पारीछा, बरुआसागर समेत बरियारपुर बांध के पुनरुद्धार कार्य को मंजूर कर दिया। इस पर करीब 400 करोड़ रुपये खर्च होंगे। टीएजी ने केन नहर प्रणाली में सुधार कार्य के लिए जल्द ही टेंडर प्रक्रिया आरंभ करने को कहा है।
रविवार को चेयरमैन डीपी भार्गव की अध्यक्षता में बैठक हुई। आखिरी दिन समिति के सदस्यों के सामने उप्र में केन-बेतवा लिंक परियोजना के तहत कराए जाने वाले कार्यों का ब्यौरा रखा गया। झांसी में पारीछा एवं बरुआसागर बांध का पुनरुद्धार कराया जाना है। पारीछा बांध में नए गेट लगाए जाने समेत नया स्लूज गेट लगाया जाना है। इसकी मदद से गाद को खत्म किया जा सकेगा। बरुआसागर में भी नए स्लूज के माध्यम से इसकी क्षमता बढ़ाई जाएगी। बरियारपुर में यही काम कराया जाना है। तीनों काम पर 400 करोड़ रुपये खर्च होने का अनुमान है। टीएजी की मंजूरी के बाद यह काम आरंभ होगा।
इसी तरह, महोबा में 15 जलाशयों को केन लिंक कैनाल के जरिये भरा जाएगा। इसका भी टीएनजी ने फैसला किया। टीएजी ने 1191 करोड़ की लागत से केन कैनाल के सुधार काम आरंभ किए जाने को भी मंजूर कर दिया।बता दें, 25 दिसंबर को मध्य प्रदेश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से परियोजना के लिए भूमि पूजन किया जाएगा। इसे लेकर भी तैयारी चल रही है। इस दौरान मुख्य अभियंता देवेश शुक्ला, सीईओ पीके दीक्षित, एसीईओ आरके मिश्रा, जीपी सोनी समेत अन्य उपस्थित रहे।
2. 51 लाख हेक्टेअर में मिलेगी सिंचाई सुविधा
केन-बेतवा लिंक प्रोजेक्ट के जरिये यूपी में 2.51 लाख हेक्टेअर भूमि की सिंचाई हो सकेगी। इनमें झांसी में 17488 हे., बांदा में 192479 हे., महोबा में 37564 हे. एवं ललितपुर में 3533 हे. जमीन की सिंचाई हो सकेगी। बुंदेलखंड के सूखाग्रस्त इलाकों के लिए 44 हजार करोड़ रुपये के केबीपीएल को तस्वीर बदलने की तरह देखा जा रहा है। परियोजना पूरी होने के बाद झांसी समेत सात जनपदों को सिंचाई के साथ पीने का पानी मिलेगा। इससे यूपी को सिंचाई समेत 67 एमसीएम पेयजल मिलेगा।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।