मध्यप्रदेश के उमरिया जिले स्थित बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के पनपथा जोन से एक दिलचस्प नजारा सामने आया है। यहां की प्रसिद्ध बफर वाली बाघिन अपने नन्हे शावक के साथ जंगल का मुआयना करती नजर आई। यह अद्भुत दृश्य पर्यटकों की नजरों में कैद हो गया और जल्द ही इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वीडियो में देखा जा सकता है कि बाघिन अपने शावक को बड़े ही धैर्य और स्नेह के साथ जंगल की राह दिखा रही है। कभी वह उसे घनी झाड़ियों में ले जाती है, तो कभी खुले मैदान में शिकार के गुर सिखाने की कोशिश करती है। जानकारों का मानना है कि बाघिन अपने शावक को शिकार करना सिखाने की प्रक्रिया में जुटी है, ताकि वह भविष्य में स्वयं अपनी जिंदगी जीने के काबिल बन सके।
पनपथा जोन की यह बाघिन पहले से ही पर्यटकों के बीच बेहद प्रसिद्ध रही है। उसकी सहजता, रौबदार चाल और शावकों के प्रति देखभाल ने उसे जंगल का 'सुपर मॉम' बना दिया है। हर साल सैकड़ों सैलानी खास तौर पर इसी बाघिन की एक झलक पाने के लिए पनपथा का रुख करते हैं।
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वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, यह समय बाघ के बच्चों के लिए बेहद अहम होता है। बाघिन अपने शावकों को शिकार करना, खतरे को पहचानना और जंगल में जीवित रहने की कला सिखाती हैं। यही प्रशिक्षण शावकों को भविष्य में स्वतंत्र और मजबूत शिकारी बनाता है।
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सोशल मीडिया पर वायरल हुए इस वीडियो में बाघिन की ममता और शावक का मासूम अंदाज दिल छू लेने वाला है। हजारों लोगों ने इस वीडियो को शेयर कर बाघिन की सराहना की है और जंगल के इस खूबसूरत पल को प्रकृति का अद्भुत तोहफा बताया है। जंगल सफारी के दौरान इस दृश्य को देखने वाले पर्यटक भी खुद को भाग्यशाली मान रहे हैं। उनका कहना है कि जंगल में इस तरह के प्राकृतिक व्यवहार को साक्षात देखना एक दुर्लभ अनुभव है, जिसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है। वन अधिकारियों ने साथ ही यह भी अपील की है कि बाघिन और उसके शावक की सुरक्षा के लिए पर्यटक सावधानी बरतें और जंगल के नियमों का पालन करें, ताकि इस अद्भुत प्राकृतिक प्रक्रिया में कोई विघ्न न पड़े।