विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
नवरात्र में कराएं कामाख्या बगलामुखी कवच का पाठ व हवन, पाएं कर्ज मुक्ति एवं शत्रुओं से छुटकारा
Astrology Services

नवरात्र में कराएं कामाख्या बगलामुखी कवच का पाठ व हवन, पाएं कर्ज मुक्ति एवं शत्रुओं से छुटकारा

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

From nearby cities

नौकरी न कर शुरू की खुद की कंपनी, 26 साल की उम्र में बन गए बड़े उद्योगपति

गाजियाबाद के तुषार अग्रवाल, ये वो नाम है जिसने मात्र 26 साल की उम्र में उद्यम के क्षेत्र में अपना लोहा मनवा लिया है। आज तुषार दो इंडस्ट्री के मालिक है...

3 अक्टूबर 2019

विज्ञापन
विज्ञापन

दिल्ली-एनसीआर

शनिवार, 28 मार्च 2020

फरीदाबाद: एटीएम उखाड़ कर चोरी करने वाले गैंग को पुलिस ने दबोचा, 2.50 लाख रुपये बरामद

एटीएम उखाड़ कर नकदी चोरी करने वाले गैंग के दो बदमाशों को क्राइम ब्रांच सेक्टर-65 की टीम ने गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से करीब ढाई लाख रुपये नकद भी बरामद भी हुए हैं।
एसीपी क्राइम अनिल कुमार ने बताया कि एटीएम उखाड़ कर नकदी चोरी गिरोह के धर-पकड़ के प्रयास में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। 

सेक्टर-65 क्राइम ब्रांच की टीम ने तौफिक उर्फ नेपाली पुत्र आश मोहम्मद निवासी हुसैनपुर नूंह व शाहरुख पुत्र सुभान खां को गिरफ्तार किया है। दोनों एक ही गांव के रहने वाले हैं। दोनों आरोपियों ने एनसीआर के फरीदाबाद, गुरुग्राम, पलवल, रेवाड़ी, उत्तर प्रदेश क्षेत्र में करीब 15 से अधिक एटीएम मशीन को उखाड़ने की वारदात को अंजाम दिया है। 

इस गैंग का मास्टर माइंड तौफिक उर्फ नेपाली है। आरोपियों ने बल्लभगढ़ में दो सेक्टर-सात में एक, छांयसा, धौज व सेक्टर-58 में एटीएम उखाड़ कर नकदी चोरी की वारदात को भी कबूल किया है। एसीपी ने बताया कि आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है।
... और पढ़ें

कोरोना वायरस: फरीदाबाद से राहत भरी खबर, तीसरे दिन भी नहीं मिला कोई कोरोना संक्रमित

कोरोना संक्रमण का जिले में लगातार तीसरे दिन कोई भी मामला सामने नहीं आया है। न ही शक्रवार को जिला स्तर पर कोई ऐसा मामला सामने आया जिसे संदिग्ध मान सैंपल जांच के लिए भेजा जाए। अभी तक जिले में दो लोग कोरोना से संक्रमित पाए गए हैं। इनमें स्पेन से लौटी महिला व एक निजी अस्पताल का स्वास्थ्य कर्मी है। स्वास्थ्य विभाग नोडल अधिकारी डॉ. रामभगत के अनुसार स्पेन से लौटी महिला फिलहाल ठीक है। उसकी दो बार दोबारा जांच के बाद उसे स्वस्थ घोषित कर दिया जाएगा। 

एक बार की जांच में वह स्वस्थ मिली। दोबारा जांच रिपोर्ट के बाद उसे पूरी तरह स्वस्थ घोषित कर दिया जाएगा। अभी तक जिले से 66 संदिग्धों के सैंपल जांच के लिए भेजे गए हैं, इनमें से 56 की रिपोर्ट निगेटिव आई है, जबकि 9 की रिपोर्ट आने का इंतजार है।

जिले में अभी तक 737 लोगों को होम क्वारंटीन (घर पर एकांतवास) किया गया है। इनमें से 652 लोग विदेश से लौट कर आए हैं, जबकि 86 लोग कोरोना संक्रमित मरीजों के संपर्क में आए हैं। इनमें से 74 लोगों का 28 दिन का होम क्वारंटीन पीरियड पूरा हो चुका है और 664 लोग अभी भी होम क्वारंटीन में रखे गए हैं। उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामभगत ने बताया कि शुक्रवार को कोई नया संक्रमित व संभावित मरीज सामने नहीं आया। जिले में स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है।
... और पढ़ें

लॉकडाउन: रोडवेज की बसों से सैकड़ों मजदूरों को पहुंचाया गया घर, अधिक किराया वसूलने वालों पर होगी कार्रवाई

आनंद विहार और धौला कुआं पर प्रवासी मजदूरों की भारी भीड़, किसी भी कीमत पर जाना चाहते हैं घर

लॉकडाउन का आज चौथा दिन है और तमाम प्रयासों के बाद आज भी मजदूरों का पलायन जारी है। हालांकि पुलिस लोगों को इससे रोक रही है। वहीं दिल्ली में बीते 24 घंटे के भीतर एक और कोरोना संक्रमित मरीज मिला है। यह मरीज हाल ही में फिलीपींस से लौटा है। दिल्ली एयरपोर्ट से युवक को झज्जर स्थित एम्स के कैंसर संस्थान स्थित क्वारंटीन वार्ड में रखा गया था। जहां सैंपल रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद मरीज का उपचार शुरू कर दिया है। यहां पढ़ें आज दिल्ली-एनसीआर का दिनभर का हाल...

दिल्ली के आनंद विहार और धौला कुआं पर प्रवासी मजदूरों की भारी भीड़ जमा हो गई है। ये सभी किसी भी कीमत पर अपने-अपने गांव जाना चाहते हैं। 



दिल्ली पुलिस ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर 
दिल्ली पुलिस ने कोरोनावायरस के कारण लॉकडाउन से संबंधित मुद्दों को हल करने के लिए 24 घंटे सातों दिन के लिए हेल्पलाइन नंबर 01123469526 स्थापित किया है। अब तक हेल्पलाइन नंबर पर कुल 3796 कॉल आ चुकी  है। 

आनंद विहार बस टर्मिनल पर भारी भीड़
 

अपने शहरों और गांवों में जाने के लिए भारी संख्या में प्रवासी दिल्ली के आनंद विहार बस टर्मिनल पर पहुंचे।

नोएडा की सीजफायर कंपनी के खिलाफ एफआईआर दर्ज, 13 लोग हो चुके हैं संक्रमित
सीजफायर कंपनी के खिलाफ एफआईआर के निर्देश दिए गए हैं। इस कंपनी का निदेशक लंदन से आया था, उसके बाद लंदन से एक ऑडिटर कंपनी में आया था। लेकिन कंपनी की तरफ से इसकी जानकारी स्वास्थ विभाग को नहीं दी गई है। कंपनी की गलती के कारण 13 लोग कोरोनावायरस की चपेट में आ गए।

केजरीवाल की अपील न जाएं घर छोड़कर, फैलेगी महामारी
केजरीवाल ने लोगों से अपील की है कि आप जहां हैं वहीं रहें वरना महामारी फैल जाएगी। सिर्फ यही नहीं उन्होंने बताया कि सभी इंतजाम किए जा रहे हैं।  1000 दुकानों में समय से पहले पहुंचा राशन पहुंच चुका है। 71 लाख लोगों तक राशन पहुंचेगा। हमने रहने और खाने की व्यवस्था कर दी है।

नोएडा में पांच और मरीज कोरोना पॉजिटिव पाए गए
नोएडा में पांच और कोरोना मरीजों की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही शहर में संक्रमितों कुल संख्या बढ़कर 23 हो गई है।

अरविंद केजरीवाल की अपील न जाएं अपने गांव
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पलायन कर रहे लोगों से अपील की है की यूपी और दिल्ली दोनों सरकारों ने बसों का इंतजाम तो कर दिया है, लेकिन मेरी अभी भी सभी से अपील है कि वे जहां है, वहीं रहें। हमने दिल्ली में रहने, खाने-पीने सबका इंतजाम किया है। कृपया अपने घर पर ही रहें। अपने गांव ना जाएं, नहीं तो लॉकडाउन का मकसद ही खत्म हो जाएगा।

कौशांबी बस अड्डे पर बसों का इंतजाम होने के बाद यूपी गेट हुआ खाली
यूपी गेट अब खाली हो चुका है। सभी लोगों को गाजियाबाद के कौशांबी डिपो भेज दिया गया है, क्योंकि कौशांबी डिपो से उत्तर प्रदेश के विभिन्न जिलों में  बसें जाएंगी।

दिल्ली सरकार ने पलायन कर रहे लोगों के लिए सरकारी स्कूलों में बनाया बसेरा
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने पलायन कर रहे लोगों के लिए एलान किया है कि दिल्ली के सरकारी स्कूलों में बसेरा बनाया जाएगा। यहां लोगों के लिए खाने का भी इंतजाम होगा। मनीष सिसोदिया ने लोगों से वापस न जाने की अपील की है लेकिन ये भी बताया कि दिल्ली सरकार ने 100 बसें और यूपी सरकार ने वापस जा रहे लोगों के लिए 200 बसों का इंतजाम किया है। मनीष सिसोदिया बोले दिल्ली सरकार की करीब 100 और उत्तर प्रदेश सरकार की करीब 200 बसें दिल्ली से पैदल जाने की कोशिश कर रहे लोगों को लेकर जा रही है। फिर भी सभी से मेरी अपील है कि लॉकडाउन का पालन करें। कोरोना का असर नियंत्रित रखने के लिए यही समाधान है। बाहर निकलने में कोरोना का पूरा खतरा है।

दिल्ली से पलायन कर वापस जा रहे लोगों को रोकने पहुंचे सिसोदिया
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया दिल्ली-यूपी बॉर्डर पर पहुंचे हैं। वह लोगों को दिल्ली से बाहर न जाने के लिए समझा रहे हैं। उनका कहना है कि आप लोग दिल्ली में ही रहें, आपको किसी चीज की कमी नहीं होने देंगे।

दिल्ली-यूपी बॉर्डर पर जुटी हजारों की भीड़
दिल्ली के गाजीपुर में पलायन कर रहे लोगों की भीड़ जमा हो गई है। दिल्ली-यूपी बॉर्डर पर बैरिकेडिंग सख्त होने के चलते लोग बॉडर पर ही खड़े हैं और अपने घरों की ओर जाने का इंतजार कर रहे हैं।

मजदूर पूछ रहे क्या है उपाय, पलायन न करें तो क्या करें
दिल्ली से लेकर नोएडा, गाजियाबाद आदि क्षेत्रों से आज भी मजदूरों का पलायन जारी है। उनका कहना है कि हमारी कंपनियां फैक्टरियां बंद हो गई हैं तो हमारे पास घर वापस जाने के अलावा क्या उपाय है?

दिल्ली में कई जगह लोग बांट रहे जरूरतमंदों को खाना
दिल्ली में बांग्ला साहिब गुरुद्वारा के बाहर लोगों ने जरूरतमंदों को खाना बांटा। इसी तरह शहर के कई क्षेत्रों में लोग जरूरतमंदों को खाना बांट रहे हैं। दूसरी तरफ आज भी दिल्ली समेत एनसीआर के तमाम शहरों की सड़कें लॉकडाउन के चलते वीरान पड़ी हैं।

एक ओर सामाजिक दूरी का लोग रख रहे ख्याल तो दूसरी ओर बसों में भरकर लोग जा रहे घर
एक ओर जहां लोग कोरोना के कारण सामाजिक दूरी के नियमों का पालन कर रहे हैं वहीं दूसरी तरफ इसकी धज्जियां उड़ रही हैं। कंपनी, फैक्टरी व काम बंद होने से जिन लोगों की आमदनी का जरिया खत्म हो गया है वह बस अड्डों से बसों में भरकर अपने गांव-शहर लौट रहे हैं।

दिल्ली-एनसीआर में कुल मरीजों को संख्या
दिल्ली- 41 संक्रमित                    2 की मौत
नोएडा ग्रेटर नोएडा- 23  संक्रमित
गुरुग्राम-10 संक्रमित
फरीदाबाद- 2 संक्रमित
पलवल- 1 संक्रमित
गाजियाबाद- 5 संक्रमित
... और पढ़ें
दिल्ली बॉर्डर पर भारी भीड़ दिल्ली बॉर्डर पर भारी भीड़

लॉकडाउन से दिल्ली-NCR की हवा हुई साफ, प्रदूषण भी हुआ कम

लॉकडाउन की वजह से दिल्ली-एनसीआर का मौसम हुआ सुहाना, वायु प्रदूषण में आई भारी कमी कोरोना कहर की रोकधाम के लिए पूरे देश में लागू किए गए लॉकडाउन से बेशक लोगों को घर में कैद होना पड़ा है लेकिन इसका असर वातावरण पर सकारात्मक पड़ा है।   

ऊपर से बीते दो दिन से दिल्ली-एनसीआर में हुई बारिश की वजह से वायु प्रदूषण में भारी कमी दर्ज की गई है। दिल्ली-एनसीआर में बादल नीला और पूरी तरह से साफ दिखाई दे रहा है। 

वायु प्रदूषण की गुणवत्ता सुधार आया है। पर्यावरण और मौसम विशेषज्ञों के द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक शनिवार को दिल्ली-एनसीआर में  पीएम 10 (हवा में सूक्ष्म कण) का सबसे कम स्तर दर्ज किया गया। 

दिल्ली-एनसीआर में सुबह दस बजे पीएम 10 का स्तर 32.7 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर दर्ज किया गया जोकि पिछले साल 18 अगस्त को दर्ज किए गए न्यूनतम 15.9 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर के बाद से सबसे कम है। शहर में हवा की गुणवत्ता का सूचकांक 40 पर रहा, जो कि 'अच्छा' की श्रेणी में आता है।
... और पढ़ें

नोेएडा के डीएम का आदेश- किराएदारों से इस महीने मांगा किराया तो होगी एक साल की जेल

फरीदाबाद में पुलिस पर लगा स्कूटी सवार को पीटने का आरोप, टूटा पैर
नोएडा-ग्रेटर नोएडा से हो रहे पलायन को रोकने के लिए गौतमबुद्ध नगर के जिलाधिकारी ने बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने सभी मकान मालिकों के लिए आदेश जारी किया है कि कोई भी मकान मालिक अगले एक महीने तक किसी किराएदार से किराया नहीं मांगेगा। अगर किसी मकान मालिक ने इस आदेश का उल्लंघन किया तो उसे एक साल की जेल हो सकती है।



कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए देशभर में 21 दिन के लिए किए गए लॉकडाउन के बाद से ही महानगरों से दिहाड़ी मजदूर, कंपनियों व फैक्टरियों में काम करने वाले लोग अपने मूल निवास के लिए पलायन कर रहे हैं। लोगों का यह पलायन इसलिए हो रहा है कि लॉकडाउन के चलते इनका काम बंद हो गया है और ये लोग किराया देने में असमर्थ हैं। ऐसे में कई लोगों के मकान मालिक उन्हें घर से निकाल रहे हैं, जिसके चलते इन लोगों को पलायन करना पड़ रहा है। 

इन्हीं समस्याओं को ध्यान में रखते हुए गौतमबुद्ध नगर के जिलाधिकारी बीएन सिंह ने आदेश जारी किया है अगले एक महीने तक कोई मकान मालिक किराएदारों से किराया नहीं मांगेगा।

आदेश में यह भी कहा गया है कि अगर कोई भवन स्वामी इस आदेश का उल्लंघन करते हुए पाया गया तो उस पर दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी। इसमें एक साल तक सजा और अर्थदंड या दोनों का प्रावाधान है।

यदि आदेश के उल्लंघन से किसी भी तरह की जान-माल की क्षति होती है तो यह सजा दो वर्ष भी हो सकती है। अगर कोई भवन स्वामी इसका उल्लंघन करता है तो प्रभावित व्यक्ति इसकी शिकायत इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम के नंबर- 0120-2544700 पर कर सकता है।
... और पढ़ें

ऐसे कैसे हारेगा कोरोनाः लॉकडाउन का चौथा दिन, बस के आते ही दौड़ पड़ते हैं लोग

नोएडा: लॉकडाउन में आप भी करना चाहते हैं गरीबों की मदद, तो इस नंबर पर करें पुलिस से संपर्क 

देश भर में लॉकडाउन के बाद दिहाड़ी मजदूरों व रोजमर्रा के काम में शामिल लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। उन्हें खाने तक के लिए मोहताज होना पड़ रहा है। ऐसे समय में अगर आप गरीब लोगों की मदद करना चाहते हैं तो पुलिस आपका साथ देगी। 

कोई भी मदद का इच्छुक व्यक्ति डीसीपी महिला सुरक्षा से संपर्क कर सकता है और पुलिस की निगरानी में वह असहाय लोगों की मदद कर सकता है। इसके लिए आप मोबाइल नंबर 8595902510 पर संपर्क कर सकते हैं। 

लॉकडाउन के कारण गौतमबुद्धनगर में बड़ी संख्या में झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले लोग व प्रवासी कामगार परेशान हैं। महीने का अंत होने के कारण उनके पास पैसे खत्म हो गए हैं, उनके पास खाना खरीदने का कोई भी साधन उपलब्ध नहीं है। ऐसे लोगों की थाना, चौकियों और उत्तर प्रदेश 112 के माध्यम से लगातार कॉल आ रही हैं कि उनके पास घर में खाने को कुछ नहीं है। 

पुलिस उनका सहयोग कर रही है और राशन भी उन तक पहुंचा रही है। इस काम में सहायता प्रदान करने के लिए स्वयंसेवी संस्थाएं और आम लोग भागीदार बन रहे हैं। अगर कोई भी व्यक्ति, संस्था, एनजीओ इस काम में सहयोग करना चाहते हैं तो आप ड्राई राशन आनलाइन डिलीवरी के माध्यम से  खुद उपस्थित रहकर पुलिस को उपलब्ध करा सकते हैं, ताकि वह ज्यादा से ज्यादा जरूरतमंद लोगों तक पहुंच सके।

इस काम में यदि आप भी भागीदार बनना चाहते हैं तो डीसीपी महिला सुरक्षा (मोबाइल नंबर 8595902510) से संपर्क करके अपना सहयोग प्रदान कर सकते हैं।
... और पढ़ें

नोएडा: बस के इंतजार में खड़ी थी गर्भवती महिला, जानकारी मिलते ही पुलिस ने किए घर भेजने के इंतजाम

कोरोना वायरस के कारण देश भर में लगए गए लॉकडाउन के बाद से कई लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं। कई तबके के लोग ऐसे हैं जिनके सामने खाने के सामान और रहने की भी जगह नहीं है। ऐसे में सभी लोग जल्द से जल्द किसी भी तरह अपने घर पहुंचना चाह रहे हैं। 

तमाम समाज सेवी संस्थाएं, प्रशासन और सरकार सभी लोग मिलकर ऐसे असहाय लोगों की मदद करने में लगा हुआ है। इसी बीच एक दूसरे की सहायता का एक ऐसा वाकया सामने आया है जिसने संपन्न वर्ग के लोगों के बीच गरीबों की मदद करने की एक मिसाल पेश की है।

दरअसल शुक्रवार रात नोएडा में रहने वाले मजदूरों के बीच एक अफवाह फैली कि सिटी सेंटर से कुछ बसें बरेली जा रही हैं। खबर सुनकर भारी संख्या में कई लोग सिटी सेंटर पहुंच गए। इनमें उत्तर प्रदेश के भंगेल की रहने वाली एक गर्भवती महिला भी अपने परिवार के साथ बस लेने के लिए वहां पहुंच गई। 

भीड़ में गर्भवती महिला के अलावा एक अन्य युवती भी थी, जो बिल्कुल अकेली थी और भंगेल जाना चाहती थी। वहां पहुंचने पर पता चला कि बस मिलने की खबर महज एक अफवाह थी। असल में सिटी सेंटर से बरेली के लिए कोई भी बस नहीं जा रही थी।

रात हो जाने के कारण वहां पहुंचे सभी लोग फंस गए थे। वे वापस अपने आवास भी नहीं जा पा रहे थे। इसी बीच भाजपा नेता राजकुमार अपनी टीम सहित वहां पहुंचे। उन्होंने गर्भवती महिला और अकेली युवती को देखकर तुरंत विधायक पंकज सिंह के कार्यालय को जानकारी दी। 

इसके बाद विधायक कार्यालय से पुलिस को फोन किया गया। पुलिस ने तुरंत ही गर्भवती महिला व उसके परिवार के साथ ही युवती को वापस भंगेल पहुंचाया।
... और पढ़ें

लॉकडाउन: नहीं मिली बस तो ठेलों पर सवार होकर ही चल दिए दिल्ली से आरा-पटना

यह कोरोना वायरस के संक्रमण से भागने वाली भीड़ नहीं है बल्कि मजबूरों की भीड़ है। हमारे पास खाने के पैसे नहीं हैं। अपने गांव जाएंगे तो कम से कम गुजारा तो चला लेंगे। लॉकडाउन के बाद पास में रखे पैसे खत्म हो गए। काम बंद है। कमाई खत्म हो गई है। ऐसे में घर का किराया कैसे देंगे? पेट कैसे पालेंगे? कुछ यही कहना है कि उन मजदूरों का, जो किसी तरह दिल्ली से करीब 1000 किलोमीटर दूर आरा-पटना और इससे भी आगे जाने के लिए ठेले पर निकल पड़े हैं। 12 ठेलों पर बारी बारी से सवार होकर 40 लोग अपने गांव-घर की ओर निकल पड़े हैं। 

शुक्रवार को एनएच-24 का नजारा देखने लायक रहा। सड़क के किनारे सैकड़ों मजदूरों की भीड़ टोलियों में नजर आईं। शुक्रवार की भीड़ में ऐसे लोग भी शामिल रहे, जो कि बसों की व्यवस्था होने की खबर मिलने के बाद घरों से बोरिया-बिस्तर बांध कर निकल पड़े। इस भीड़ में महिलाएं और छोटे-छोटे बच्चे भी बड़ी संख्या में शामिल रहे। यह सभी यूपी के अलग-अलग शहरों में जाने के लिए घरों से निकल पड़े हैं। बस नहीं मिलने पर सब पैदल ही घर की ओर बढ़ रहे हैं।



इक्का दुक्का बसें, किराया एक हजार 
छिजारसी कट पर बस के इंतजार में खड़े लोगों ने बताया कि दो बसें यूपी के दूसरे शहरों के लिए निकली। इसमें एक निजी बस भी थी। एक निजी बस हरदोई के लिए निकल रही है। उसके चालक-परिचालक एक व्यक्ति का किराया एक हजार रुपये मांग रहे थे।  उन्होंने बताया कि बसों के चालक कहीं भी जाने के लिए एक हजार रुपये से कम पर नहीं मान रहे थे। 

सरकारी घोषणाओं पर नहीं है भरोसा
जब उनसे सरकारी घोषणाओं और मदद की बात कही गई तो उन्होंने बताया कि अभी तक उनके पास कोई भी ऐसा नहीं आया है जो कि राशन और जरूरत का सामान पहुंचाने का वादा करे। ऐसे में सरकारी घोषणाओं पर भरोसा नहीं किया जा सकता है। अभी निकलने का समय बचा हुआ है लिहाजा गांव की ओर निकल रहे हैं। 
... और पढ़ें
अपने शहर की सभी खबर पढ़ने के लिए amarujala.com पर जाएं

Disclaimer


हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।
Agree
Election
  • Downloads

Follow Us