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महेंद्रगढ़: नगरपालिका और अग्निशमन कर्मचारियों की हड़ताल 34वें दिन भी जारी
महेंद्रगढ़। हरियाणा में नगरपालिका और अग्निशमन विभाग के कर्मचारियों की हड़ताल चौंतीसवें दिन भी जारी रही। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के आह्वान पर कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर डटे हुए हैं। मंगलवार को महेंद्रगढ़ नगरपालिका में हड़ताली कर्मचारियों का हौसला बढ़ाने के लिए कई नेता पहुंचे।
इनमें दमकल कर्मचारी संघ के पूर्व राज्य प्रधान पूनमचंद रती शामिल थे। उनके साथ उप राज्य कोषाध्यक्ष राजेश बागड़ी और अग्निशमन के राज्य प्रधान राजेंद्र सिंह भी मौजूद थे। अरुणा रोहतक, जयप्रकाश, महेंद्र संगोलियां और महेंद्र, सोमवत जैसे नेता भी उपस्थित रहे। जिला प्रधान राहुल सारवान और अग्निशमन विभाग से रिंकू तथा प्रधान रामसिंह भी कर्मचारियों के साथ थे। पूर्व प्रधान ने कहा कि उन्हें सरकार से डरने की जरूरत नहीं है। उन्होंने सरकार से 13 मई के समझौते को जल्द लागू करने की मांग की। कर्मचारियों ने कहा कि जब तक समझौता लागू नहीं होता, हड़ताल जारी रहेगी। शहरों में गंदगी के ढेर लगे हैं, जिससे बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। अग्निशमन कर्मचारियों की हड़ताल के कारण आगजनी की घटनाओं पर काम नहीं हो पा रहा है। नेताओं ने सरकार से मुख्यमंत्री नायब सैनी के साथ जल्द बातचीत शुरू करने का आग्रह किया। वहीं, नगर पालिका सचिव प्रशांत कुमार की ओर से कर्मचारियों को काम पर लौटने के लिए दिए गए नोटिस को कर्मचारियों ने लेने से इनकार कर दिया। इसके बाद कर्मचारियों ने नोटिस को धरनास्थल पर ही चस्पा कर दिया।
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मुख्य मांगें और शहरों पर असर
कर्मचारियों की मुख्य मांग 13 मई को हुए समझौते को लागू करना है। हड़ताल के कारण शहरों में सफाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है। जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हैं, जिनसे संक्रामक बीमारियों के फैलने का डर है। अग्निशमन विभाग के कर्मचारी भी हड़ताल पर हैं, जिससे आपातकालीन सेवाएं बाधित हैं। आगजनी की घटनाओं पर समय पर कार्रवाई नहीं हो पा रही है।
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- एस्मा से न डरें कर्मचारी
पूर्व प्रधान ने कहा कि कर्मचारी एस्मा से न डरें। यह सरकार का एक डरने का हथियार है। नौकरी से निकालने के बाद वापसी के दौरान सब भूल जाती है। जब तक मंडलज पूरी नहीं होती तब तक धरने पर रहें और जरूरत पड़े तो अपने परिवार समेत धरना दें।
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