आर्थिक तंगी और रुपयों की जरूरत के चलते जयपुर में एक सीए के अपहरण की सनसनीखेज साजिश रचने का मामला सामने आया है। सेंट्रल पार्क से सीए राजीव गुप्ता के अपहरण के मामले में जयपुर दक्षिण पुलिस की जिला विशेष टीम, साइबर सेल और अशोक नगर थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए मास्टरमाइंड चेतन शर्मा उर्फ लाला समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से वारदात में इस्तेमाल दो बाइक, एक इलेक्ट्रिक स्कूटी, नकली पिस्टल और चाकू बरामद किया है।
मॉर्निंग वॉक के दौरान सीए को जबरन कार में बैठाया
पुलिस उपायुक्त जयपुर दक्षिण राजर्षि राज ने बताया कि 10 सितंबर को राजीव गुप्ता मॉर्निंग वॉक के लिए सेंट्रल पार्क पहुंचे थे। इसी दौरान दो युवकों ने उन्हें उनकी ही मर्सिडीज कार में जबरन बैठा लिया। आरोपियों ने चाकू और नकली पिस्टल दिखाकर उन्हें जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद आरोपी पीड़ित को कार समेत जयपुर शहर से बाहर सुनसान इलाके की ओर ले जाने लगे। पुलिस के अनुसार, आरोपियों की योजना पीड़ित को डराकर उसके परिजनों से फिरौती वसूलने की थी।
चलती कार से कूदने की कोशिश, गड्ढे में गिरी मर्सिडीज
पीड़ित ने चलती कार में बदमाशों के चंगुल से निकलने का प्रयास किया। आरोप है कि इस दौरान बदमाशों ने उनके साथ मारपीट की। एक आरोपी ने अपनी शर्ट खोलकर पीड़ित का मुंह बांधने का भी प्रयास किया। बचने के लिए राजीव गुप्ता ने चलती कार का गेट खोलकर बाहर कूदने की कोशिश की और कार का स्टेयरिंग घुमा दिया। इससे मर्सिडीज अनियंत्रित होकर सड़क किनारे एक गड्ढे में जा गिरी। हादसे के बाद आसपास के लोग मौके पर पहुंचने लगे। लोगों को आता देख दोनों आरोपी कार से निकलकर जंगल और पहाड़ी क्षेत्र की ओर भाग गए।
करीब 1000 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आरोपियों की तलाश के लिए विशेष टीमें गठित कीं। जांच के दौरान पुलिस ने सेंट्रल पार्क और आसपास के इलाकों में लगे करीब 1000 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके अलावा आमेर, ब्रह्मपुरी, ट्रांसपोर्ट नगर, जामडोली और बस्सी समेत कई इलाकों में संदिग्धों की तलाश की गई। पीड़ित और आरोपियों द्वारा कार छोड़कर भागने वाले स्थान के आसपास भी पुलिस ने सघन तलाशी अभियान चलाया। पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी पर 20 हजार रुपये का इनाम भी घोषित किया था।
पहले भी की थी सेंट्रल पार्क की रेकी
प्रारंभिक पूछताछ में पुलिस के अनुसार, तीनों आरोपी आपस में दोस्त और परिचित हैं। आर्थिक तंगी और रुपयों की जरूरत के चलते उन्होंने सेंट्रल पार्क में सुबह घूमने आने वाले लोगों में से किसी एक का अपहरण कर फिरौती वसूलने की योजना बनाई थी।
वारदात को अंजाम देने से पहले आरोपियों ने सेंट्रल पार्क की रेकी भी की थी। हालांकि, उस समय वे अपहरण की वारदात को अंजाम देने में सफल नहीं हो सके। इसके बाद 10 सितंबर को उन्होंने सीए राजीव गुप्ता को अपना निशाना बनाया।
मास्टरमाइंड पर पहले से अपहरण का मामला
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार मुख्य आरोपी चेतन शर्मा के खिलाफ खोह-नागोरियान थाने में वर्ष 2024 में अपहरण से संबंधित मामला दर्ज है। इस मामले में पुलिस पहले ही चालान पेश कर चुकी है। फिलहाल पुलिस तीनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। पूछताछ में अपहरण की साजिश से जुड़े अन्य तथ्यों और आरोपियों की भूमिका के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।