विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विनायक चतुर्थी पर कराएं मुंबई के सिद्धि विनायक में पूजा विघ्नहर्ता हरेंगे सारे विघ्न : 27-फरवरी-2020
Astrology Services

विनायक चतुर्थी पर कराएं मुंबई के सिद्धि विनायक में पूजा विघ्नहर्ता हरेंगे सारे विघ्न : 27-फरवरी-2020

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

भोपाल

मंगलवार, 25 फरवरी 2020

मध्य प्रदेश में अंडे को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच छिड़ी सियासी जंग 

मध्य प्रदेश की आंगनवाड़ियों में अंडे बांटे जाने को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच सियासी जंग शुरू हो गई है। राज्य में सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार ने एलान किया है कि आंगनवाड़ियों में जल्द ही बच्चों और गर्भवती महिलाओं को अंडे दिए जाएंगे। मगर भाजपा ने इसे धार्मिक भावनाओं से खिलवाड़ बताया है। 

भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय भी अब इस बहस में कूद पड़े हैं। उन्होंने अंडे बांटे जाने के प्रस्ताव की आलोचना करते हुए कहा कि हम इसका विरोध करेंगे। उन्होंने कहा कि लोगों के धार्मिक विश्वास के बीच किसी को भी हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए। 
 


इससे पहले मध्य प्रदेश की महिला एवं बाल विकास मंत्री इमरती देवी ने कहा था कि जल्द ही राज्य की आंगनवाड़ियों में बच्चों और गर्भवती महिलाओं को खाने के लिए अंडा दिया जाएगा। यह योजना अगले महीने से शुरू हो सकती है। उनका दावा है कि इससे कुपोषण को मिटाने में मदद मिलेगी। साथ ही इमरती देवी ने कहा कि पिछले 15 साल में भाजपा सरकार ने इस दिशा में कोई खास काम नहीं किया। 

याद रहे कि वर्ष 2013 में यूपीए सरकार ने मिड डे मील और आंगनवाड़ियों में बच्चों को अंडा देने की बात कही थी। मगर उस समय जिन राज्यों मे भाजपा सरकार थी, उन्होंने इस बात को नहीं माना था। जबकि कई राज्यों में दूध और अंडे दिए जा रहे हैं। छत्तीसगढ़ में भी यह योजना पिछले महीने ही शुरू हुई है। 
... और पढ़ें

AIIMS ने इन पदों पर निकाली भर्तियां, जल्द करें आवेदन 

दुनिया का तीसरा सबसे अच्छा पर्यटक स्थल बना मध्यप्रदेश, जानें अन्य शहरों की स्थिति

सिंधिया के रास्ते में नहीं आएंगी प्रियंका, वे भी नहीं लांघेंगे लक्ष्मण रेखा

कांग्रेस पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी और महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा दोनों चाहते हैं कि मध्यप्रदेश के युवा नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया राज्यसभा के लिए चुनकर संसद भवन पहुंचे। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी भी इसके खिलाफ नहीं है।

प्रियंका की टीम के एक सदस्य की मानें तो कांग्रेस महासचिव ज्योतिरादित्य सिंधिया के रास्ते में बिल्कुल नहीं आना चाहतीं। सूत्र बताते हैं कि ज्योतिरादित्य, प्रियंका और राहुल के बीच की केमिस्ट्री भी कुछ इसी तरह की है कि चाह कर भी ज्योतिरादित्य सिंधिया अपनी लक्ष्मण रेखा नहीं लांघने के पक्ष में नहीं रहेंगे।
 
प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रियंका गांधी वाड्रा को राजस्थान से राज्यसभा में लाया जा सकता है। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत भी यही चाहते हैं। सचिन पायलट और राजस्थान कांग्रेस संगठन भी इसके पक्ष में है।

हालांकि प्रियंका गांधी वाड्रा उत्तर प्रदेश में ही कांग्रेस की जमीन तैयार करने में पूरा ताकत लगा देने के पक्ष में हैं। बताते हैं मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ और राजस्थान से कांग्रेस को राज्यसभा में आठ सीटें मिल सकती हैं। इसलिए कांग्रेस पार्टी भी संगठन के स्तर पर बड़ा भूचाल लाने के पक्ष में नहीं है।

क्या कहते हैं सिंधिया के करीबी

ज्योतिरादित्य के करीबी, उनके पिता माधवराव सिंधिया के जमाने से परिवार के शुभचिंतक का कहना है कि कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी से सिंधिया का अच्छा रिश्ता है। बताते हैं ग्वालियर-चंबल संभाग समेत मध्यप्रदेश के अनेक इलाकों में ज्योतिरादित्य सिंधिया का खासा जनाधार है।

यदि वह कमलनाथ सरकार के खिलाफ सड़क पर उतरेंगे, तो इसे संभाल पाना राज्य सरकार के लिए आसान नहीं होगा, लेकिन सिंधिया फिलहाल लक्ष्मण रेखा लांघने से बचना चाहते हैं। इसकी वजह कांग्रेस के प्रति निष्ठा और राहुल प्रियंका के साथ दोस्ती के समीकरण हैं।

बताते हैं लोकसभा चुनाव 2019 के दौरान भी प्रियंका गांधी अकसर ज्योतिरादित्य के आवास पर जाकर चुनाव अभियान को धार देती रही हैं। सूत्र का कहना है कि मध्यप्रदेश में वरिष्ठ नेताओं के बीच में अपने राजनीतिक जमीन की लड़ाई है।

दो बड़े नेता अपने वारिसों के लिए राजनीति में षडयंत्र रच रहे हैं। मुख्यमंत्री कमलनाथ अपने बेटे नकुलनाथ के लिए तो दिग्विजय सिंह अपने बेटे के लिए जमीन तैयार कर रहे हैं। इसके चक्कर में सिंधिया के साथ केमिस्ट्री बिगड़ रही है।

कांग्रेस को अपनों से ही खतरा

ग्वालियर घराने से संपर्क रखने वाले एक अन्य सूत्र का कहना है कि वह चर्चा में नहीं आना चाहते। सच यह है कि कांग्रेस को अपने ही नेताओं से खतरा है। सूत्र का कहना है कि राहुल गांधी ने जम्मू-कश्मीर में सिंधिया को जिम्मेदारी देकर भेजा था, एक वादा भी किया था। कमलनाथ भी वहां जिम्मेदारी के साथ गए थे।

दिग्विजय सिंह ने भी राज्य में कांग्रेस सरकार बनवाने में कड़ी मेहनत की, लेकिन जब राज्य में सरकार बनने की स्थिति आई तो कमलनाथ का नाम आगे आया। सूत्र का कहना है कि तब ज्योतिरादित्य सिंधिया को खुद राहुल गांधी ने चर्चा के लिए दिल्ली बुलाया था। चर्चा में प्रियंका गांधी शामिल हुई थीं।

राहुल गांधी की बात पर भरोसा करके ज्योतिरादित्य सिंधिया ने मुख्यमंत्री पद के दावे को छोड़ दिया था। इस दौरान ज्योतिरादित्य सिंधिया से कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं ने एक वादा किया था, लेकिन अभी वह पूरा नहीं हो पाया।

आखिर कैसे युवा रहेंगे कांग्रेस के साथ

ज्योतिरादित्य पर कांग्रेस के अंदरखाने में चर्चा के दौरान बड़ा सवाल उभरकर आया कि आखिर युवा कांग्रेस पार्टी के साथ कैसे रहें? राजस्थान के एक बड़े नेता का कहना है कि कांग्रेस इस सवाल पर कोई काम नहीं कर रही है। पुराने नेताओं के षडयंत्र के आगे युवा नेता बेदम हो रहे हैं। सचिन पायलट नाराज थे, तो भंवर जितेन्द्र सिंह ने भी उन्हें मनाने में भूमिका निभाई थी।

राहुल गांधी के कुछ अन्य करीबी भी सचिन को मनाने आगे आए थे। लेकिन सचिन पायलट अब खुद को ठगा सा महसूस कर रहे हैं। कांग्रेस पार्टी की एक फायर ब्रांड महिला नेता का कहना है कि आप अपने उत्तर प्रदेश को देख लीजिए। कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष अजय कुमार उर्फ लल्लू बनाए गए हैं। लल्लू वहां लल्लू की तरह काम कर रहे हैं।

लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी हैं। वह रह-रहकर अधीरता खो देते हैं। चिंता की बात यह है कि सही लोग आगे नहीं बढ़ पा रहे हैं। इतना ही नहीं पार्टी में सही निर्णय भी बहुत देर से हो रहा है। युवा का स्वभाव पार्टी के इस मिजाज के खिलाफ होता है।
... और पढ़ें
Priyanka Gandhi- Rahul Gandhi- Jyotiradtya Scindia Priyanka Gandhi- Rahul Gandhi- Jyotiradtya Scindia

मध्यप्रदेश में नाबालिग लड़की से सामूहिक दुष्कर्म, किशोर सहित दो गिरफ्तार

मध्यप्रदेश के रीवा में पुलिस ने 14 वर्षीय नाबालिग मूक-बधिर लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म के आरोप में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। इनमें से एक आरोपी नाबालिग है। जिला पुलिस अधीक्षक आबिद खान ने बताया कि नाबालिग बालिका के साथ सामूहिक दुष्कर्म के आरोप में पुलिस ने दो आरोपियों दीपक साकेत (21) और 17 वर्षीय नाबालिग लड़के को गिरफ्तार किया है।

उन्होंने बताया कि 14 जनवरी की रात लगभग 9 बजे मकर सक्रांति के कार्यक्रम से लड़की अपने छोटे भाई के साथ घर लौट रही थी। तभी बीच रास्ते में आरोपी उसे पकड़ कर एक सुनसान मकान में ले गए और वहां उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। बाद में दोनों आरोपी पीड़िता को बांधकर वहां से भाग गए।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि बाद में लड़की के छोटे भाई के बताए गए स्थान पर पीड़िता के परिजन पहुंचे और लड़की को बंधन मुक्त कराया। उन्होंने बताया कि बालिका का चिकित्सा परीक्षण कराया गया है और मूक-बधिर भाषा के विशेषज्ञ की सहायता से मामले की जांच की जा रही है।

... और पढ़ें

भोपाल सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर को मिला संदिग्ध खत ,फोरेंसिक टीम कर रही जांच

नाबालिग लड़की से दुष्कर्म (प्रतीकात्मक)

मध्यप्रदेश: अकेले रहने वाले बुजुर्गों के घर तक राशन पहुंचाने की योजना

मध्यप्रदेश सरकार अकेले रहने वाले बुजुर्ग नागरिकों के लिए खास योजना शुरू कर रही है। इस योजना के तहत शासकीय राशन की दुकान से किराना सामान उनके घर तक पहुंचाया जाएगा। प्रदेश में यह सुविधा 75 वर्ष से अधिक आयु वाले ऐसे बुजुर्ग नागरिकों को दी जाएगी जो बिना किसी व्यस्क सदस्य के साथ घर में अकेले रहते हैं।

प्रदेश के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री प्रद्यूम्न सिंह तोमर ने बुधवार को कहा कि हम सार्वजनिक वितरण प्रणाली पीडीएस की राशन की दुकानों से 75 वर्ष से अधिक आयु के घर में अकेले रहने वाले बुजुर्ग नागरिकों को किराना सामान उनके घर पर देने की योजना बना रहे हैं। तोमर ने कहा कि इसके अलावा बुजुर्ग नागरिक राशन की दुकान से अपना किराना लेने के लिए परिवार के किसी सदस्य को नामित भी कर सकते हैं।

खाद्य मंत्री ने बताया कि प्रदेश में लगभग 83 लाख पीडीएस लाभार्थियों के राशन कार्ड को आधार कार्ड से जोड़ा गया है। कांग्रेस ने दिसंबर 2019 में जब प्रदेश की सत्ता संभाली थी तब यह संख्या 18 लाख थी। तोमर ने कहा कि एम राशन मित्र ऐप के लिए लाभार्थियों के सत्यापन का काम चल रहा है। इसके तहत प्रदेश के कुल 1.18 करोड़ पीडीएस लाभार्थियों में से 37 प्रतिशत का सत्यापन किया जा चुका है।
... और पढ़ें

MP Board 2020: परीक्षा का टाइम टेबल जारी, यहां देखें पूरा शेड्यूल

मध्यप्रदेश बोर्ड परीक्षा 2020 (MP Board Exam 2020) का टाइम टेबल जारी किया जा चुका है। 10वीं और 12वीं दोनों कक्षाओं के लिए बोर्ड परीक्षाओं का शेड्यूल जारी किया गया है। परीक्षा का पूरा शेड्यूल बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर अपलोड किया गया है। जो विद्यार्थी इस परीक्षा में शामिल होने जा रहे हैं, वे अब मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षण मंडल (MP Board) की वेबसाइट पर जाकर टाइम टेबल डाउनलोड कर सकते हैं।

इस शेड्यूल के अनुसार, 10वीं और 12वीं दोनों कक्षाओं के लिए बोर्ड परीक्षाएं मार्च के पहले सप्ताह में शुरू होंगी। 10वीं कक्षा यानी हाई स्कूल की बोर्ड परीक्षाएं 3 मार्च 2020 से शुरू होकर 27 मार्च 2020 तक चलेंगी। जबकि 12वीं कक्षा यानी हायर सेकेंडरी स्कूल / इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं 2 मार्च 2020 से शुरू होकर 31 मार्च 2020 तक आयोजित की जाएंगी।

ये भी पढ़ें : 
2019 में भारतीयों ने गूगल पर सबसे ज्यादा क्या ढूंढा, ये है टॉप 10 की सूची

ऐसा पहली बार होगा जब मध्यप्रदेश में दोनों कक्षाओं की बोर्ड परीक्षाएं मार्च में शुरू होकर उसी महीने खत्म भी हो जाएंगी। बोर्ड के अनुसार, इस बार दोनों कक्षाओं की परीक्षा में पूरे प्रदेश से करीब 19 लाख नियमित और करीब 4 लाख प्राइवेट श्रेणी से छात्र-छात्राएं शामिल होंगे।

बोर्ड परीक्षाएं दी गई तारीखों में सुबह 9 बजे से लेकर दोपहर 12 बजे तक संचालित की जाएंगी। परीक्षार्थियों को सुबह 8.30 बजे तक परीक्षा केंद्र पर पहुंच जाना होगा। 

ये भी पढ़ें : जैसे भारत के झंडे का नाम 'तिरंगा', वैसे क्या है पाकिस्तान समेत 15 देशों के झंडों के नाम

टाइम टेबल डाउनलोड करने के लिए मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल की आधिकारिक वेबसाइट पर जाने के लिए यहां क्लिक करें।
... और पढ़ें

MP TET 2020: बनना चाहते हैं सरकारी शिक्षक, तो यहां करें आवेदन

MP TET 2020 Madhya Pradesh Teacher Eligibility Test:  मध्यप्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (MPTET 2020 - Madhya Pradesh Teacher Eligibility Test) के लिए आवेदन की प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है। मध्यप्रदेश प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (MP PEB - MP Professional Examination Board) ने इस परीक्षा के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। जो अभ्यर्थी मध्यप्रदेश के सरकारी स्कूलों में शिक्षक बनना चाहते हैं, वे इस परीक्षा के लिए जल्द आवेदन करें।

आवेदन करने के लिए आप एमपी पीईबी की आधिकारिक वेबसाइट विजिट कर सकते हैं। इसके अलावा इस खबर में आगे दिए जा रहे लिंक के जरिए भी आप आसानी से आवेदन की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं। आवेदन ऑनलाइन माध्यम से किए जाने हैं।

MP TET 2020 के लिए जरूरी तारीखें

Madhya Pradesh TET 2020: कैसे करें आवेदन

  • मध्यप्रदेश प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • न्यू यूजर रजिस्ट्रेशन से संबंधित लिंक पर क्लिक करें।
  • अपना आधार नंबर दर्ज कर ओटीपी जेनरेट करें। इसके अलावा आप बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन भी कर सकते हैं। इसके बाद आपका लॉगइन बन जाएगा।
  • अब लॉगइन करें और स्क्रीन पर दर्शाया गया ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भरना शुरू करें।
  • मांगे गए सभी जरूरी दस्तावेजों की स्कैन्ड कॉपी बताए गए फॉर्मेट में अपलोड करें।
  • आवेदन फॉर्म पूरी तरह भरे जाने के बाद ऑनलाइन शुल्क भुगतान की प्रक्रिया शुरू करें।
  • शुल्क भुगतान होने के बाद उसकी रसीद डाउनलोड कर सुरक्षित रख लें।
MPPEB की आधिकारिक वेबसाइट पर जाने के लिए यहां क्लिक करें।
MP TET 2020 के लिए डायरेक्ट लिंक के जरिए आवेदन करने के लिए यहां क्लिक करें।
... और पढ़ें

सिविल सेवा परीक्षा में सरकार ने दी बड़ी राहत, मिली एक साल की छूट

सिविल सेवा परीक्षा को लेकर उम्मीदवारों के लिए बड़ी राहत की खबर है। सरकार ने उम्मीदवारों आधिकतम आयु सीमा में एक साल की छूट दी है। यह फैसला मध्यप्रदेश सरकार ने लिया है। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (MP PSC - Madhya Pradesh Public Service Commission) 2019 की परीक्षा से ही ये बदलाव लागू होंगे।

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ द्वारा निर्देश दिए जाने के बाद राज्य लोक सेवा आयोग ने परीक्षा में आयु सीमा में बदलाव को लेकर अधिसूचना जारी की है। 

इस अधिसूचना के अनुसार, मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग में अब आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों की न्यूनतम उम्र 21 साल और अधिकतम 41 साल हो सकती है। पहले अधिकतम आयु सीमा 40 वर्ष तक ही थी। ये बदलाव तत्काल प्रभाव से लागू किए गए हैं। यानी अभी एमपीपीएमससी को लेकर हो रहे आवेदन में भी 41 वर्ष तक के उम्मीदवार शामिल हो सकते हैं।

ये भी पढ़ें : 
SSC Sarkari Naukri: 2020-21 के लिए भर्ती परीक्षाओं का कैलेंडर जारी, ये हैं पूरे साल की जरूरी तारीखें

बता दें कि एमपीपीएससी 2019 के आवेदन के लिए उम्मीदवारों की आयु की गणना उनके जन्म से लेकर 1 जनवरी 2020 तक की जाएगी।

बढ़ गई आवेदन की तारीख

मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष डॉ. भास्कर चौबे के अनुसार, बदलाव को देखते हुए आवेदन जमा करने की समय सीमा भी बढ़ा दी गई है। पहले एमपीपीएससी 2019 के लिए आवेदन की अंतिम तारीख 9 दिसंबर 2019 थी। इसे अब 12 दिसंबर 2019 कर दिया गया है।

ये भी पढ़ें : आप कैसे खरीद सकते हैं अपना द्बीप, जानें कीमत, किन बातों का रखें ध्यान 

क्यों लिया गया ये फैसला

आयोग के पूर्व के नियमों के अनुसार, उम्मीदवारों की आयु की गणना 1 जनवरी 2019 तक की जा रही थी। इसे लेकर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में याचिका लगाई गई थी। लेकिन कटऑफ डेट को 1 जनवरी 2020 से घटाकर 1 जनवरी 2019 करने वाली याचिका कोर्ट ने खारिज कर दी। इसके बाद प्रशासन को एक साल की छूट देने का फैसला लेना पड़ा। 
... और पढ़ें
अपने शहर की सभी खबर पढ़ने के लिए amarujala.com पर जाएं

Disclaimer

अपनी वेबसाइट पर हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर अनुभव प्रदान कर सकें, वेबसाइट के ट्रैफिक का विश्लेषण कर सकें, कॉन्टेंट व्यक्तिगत तरीके से पेश कर सकें और हमारे पार्टनर्स, जैसे की Google, और सोशल मीडिया साइट्स, जैसे की Facebook, के साथ लक्षित विज्ञापन पेश करने के लिए उपयोग कर सकें। साथ ही, अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।

Agree
Election
  • Downloads

Follow Us