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सोलन: पहाड़ी भाषा दिवस पर कवियों ने बिखेरे काव्य के रंग, नालागढ़ में सजी काव्य गोष्ठी
Ankesh Dogra
Updated Mon, 02 Nov 2026 01:01 PM IST
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नालागढ़ साहित्य कला मंच की ओर से पहाड़ी भाषा दिवस के अवसर पर बैठक और काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता हरिराम धीमान ने की। बैठक में मंच की ओर से पिछले दिनों स्वतंत्रता दिवस और हिंदी दिवस पर आयोजित कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। सदस्यों ने दोनों कार्यक्रमों की सफलता पर संतोष व्यक्त किया।
बैठक के बाद काव्य गोष्ठी का आयोजन हुआ, जिसमें कवियों ने हिंदी और पहाड़ी भाषा में अपनी रचनाएं प्रस्तुत कर साहित्यिक माहौल को काव्यमय बना दिया। कार्यक्रम में कवियों ने अपनी रचनाओं के माध्यम से विभिन्न विषयों को अभिव्यक्ति दी।
काव्य गोष्ठी का विशेष आकर्षण यादव किशोर गौतम और प्रमोद कुमार हर्ष की जुगलबंदी प्रस्तुति रही। वहीं, मदन शास्त्री ने दशहरे के संदर्भ में अपनी रचना 'भीतर का रावण कब मरेगा' प्रस्तुत की।
इसके अलावा अदित कंसल, सुमति सिंघल, कृष्णा बंसल, रणजोध सिंह और प्रताप मोहन भारतीय ने भी अपनी-अपनी रचनाएं सुनाईं। कार्यक्रम में हिंदी और पहाड़ी भाषा की कविताओं के माध्यम से स्थानीय साहित्य और भाषा के प्रति प्रेम तथा रचनात्मक अभिव्यक्ति देखने को मिली।
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