Hindi News
›
Video
›
Haryana
›
Sonipat News
›
Sports are a powerful medium for fostering self-confidence and a spirit of nation-building: Archana Gupta
{"_id":"6a8c54c3f3584d3c7b00816a","slug":"video-sports-are-a-powerful-medium-for-fostering-self-confidence-and-a-spirit-of-nation-building-archana-gupta-2026-08-24","type":"video","status":"publish","title_hn":"आत्मविश्वास और राष्ट्रनिर्माण की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम है खेल : अर्चना गुप्ता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आत्मविश्वास और राष्ट्रनिर्माण की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम है खेल : अर्चना गुप्ता
सोनीपत। हरियाणा खेल विश्वविद्यालय, राई में सोमवार शाम नवप्रवेशित विद्यार्थियों के लिए भव्य दीक्षारंभ समारोह आयोजित किया गया। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता किसी दीक्षारंभ समारोह में पहली बार बतौर मुख्य अतिथि रहीं। अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों और ओलंपिक-पैरालंपिक पदक विजेताओं ने विद्यार्थियों को खेल, शिक्षा और जीवन में सफलता के लिए प्रेरित किया।
विद्यार्थियों ने हरियाणवी नृत्य और योग की शानदार प्रस्तुतियां देकर हरियाणवी संस्कृति की झलक प्रस्तुत की। मुख्य अतिथि प्रदेश अध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हरियाणा की धरती ने देश को अनेक महान खिलाड़ी दिए हैं। खेल केवल पदक जीतने का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, नेतृत्व, आत्मविश्वास और राष्ट्रनिर्माण की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम है। समारोह में गत सत्रों के पदक विजेता विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति के चेक देकर सम्मानित किया गया। विद्यार्थियों ने भी अपने अनुभव साझा किए।
कार्यक्रम में ओलंपियन बॉक्सर अखिल कुमार, ओलंपिक पहलवान योगेश्वर दत्त और पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता सुमित आंतिल ने विद्यार्थियों से संवाद किया। अखिल कुमार ने कहा कि सफलता के लिए अनुशासन, स्पष्ट लक्ष्य और निरंतर मेहनत जरूरी है। असफलताओं से घबराने के बजाय उनसे सीखना चाहिए। योगेश्वर दत्त ने विद्यार्थियों को देश का भविष्य बताते हुए कहा कि विश्वविद्यालय में बिताया समय केवल डिग्री हासिल करने तक सीमित नहीं रहना चाहिए। विद्यार्थियों को व्यक्तित्व, खेल कौशल और नेतृत्व क्षमता का विकास करना चाहिए। पैरालंपियन सुमित आंतिल ने अपनी खेल यात्रा का उदाहरण देते हुए कहा कि दृढ़ इच्छाशक्ति, आत्मविश्वास और निरंतर प्रयास से कठिन परिस्थितियों को भी सफलता में बदला जा सकता है।
कुलपति अशोक कुमार ने कहा कि विश्वविद्यालय में प्रवेश विद्यार्थियों के जीवन के नए चरण की शुरुआत है। उन्हें अपनी रुचि, क्षमता और प्रतिभा के अनुरूप भविष्य का निर्माण करते हुए राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने के लिए तैयार होना चाहिए। उन्होंने खेल और शिक्षा में संतुलन बनाए रखने तथा विश्वविद्यालय में उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम लाभ उठाने का आह्वान किया।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।