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सऊदी हुकुमत पर भड़के शिया समाज के लोग
Updated Wed, 05 Jul 2017 01:23 AM IST
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सऊदी हुकुमत पर भड़के शिया समाज के लोग
रामपुर। मदीना मुनव्वरा में मुकद्दस कब्रों की बेहुरमती के विरोध में शिया समाज के लोग सऊदी हुकुमत पर भड़क गए। उन्होंने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के जरिए राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा।
मौलाना जमान बाकरी की अगुवाई में शिया समाज के लोग मंगलवार को कलक्ट्रेट पहुंचे और प्रदर्शन शुरू कर दिया। सऊदी हुकुमत के खिलाफ नारेबाजी की। मौलाना ने कहा कि 21 अप्रैल 1926 में सऊदी हुकुमत के हाकिम मोहम्मद बिन अब्दुल बहाव के इशारे में मदीना मुनव्वरा में स्थित जन्नतुल बकी कब्रिस्तान में तमाम मुकद्दस कर्बों पर बुल्डोजर चलवा दिया था। उनमें हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहो अलैह वसल्लम की साहबजादी जनाब फातमा जहरा, हजरत इमाम हसन हुसैन, उनके बेटे जैनुल आबेदीन और इमाम जाफर सादिक की भी कब्र शामिल है। लेकिन अभी तक सऊदी हुकुमत ने कब्रों की तामीर नहीं कराई है।
प्रदर्शन के बाद जिलाधिकारी के जरिए राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। उसमें सऊदी सरकार पर दबाब बनाकर कब्र्रों की दोबारा तामीर कराने की मांग की। ज्ञापन देने वालों में मौलाना मूसा रजा, मुजतबा आब्दी, कमल रिजवी, मोहम्मद राहिल, इफ्तार जानी, ईशान अल्वी, डा. अजीम नकवी, सैयद मियां जैदी, हसन जैदी शामिल थे।
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रामपुर। मदीना मुनव्वरा में मुकद्दस कब्रों की बेहुरमती के विरोध में शिया समाज के लोग सऊदी हुकुमत पर भड़क गए। उन्होंने कलक्ट्रेट में प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के जरिए राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा।
मौलाना जमान बाकरी की अगुवाई में शिया समाज के लोग मंगलवार को कलक्ट्रेट पहुंचे और प्रदर्शन शुरू कर दिया। सऊदी हुकुमत के खिलाफ नारेबाजी की। मौलाना ने कहा कि 21 अप्रैल 1926 में सऊदी हुकुमत के हाकिम मोहम्मद बिन अब्दुल बहाव के इशारे में मदीना मुनव्वरा में स्थित जन्नतुल बकी कब्रिस्तान में तमाम मुकद्दस कर्बों पर बुल्डोजर चलवा दिया था। उनमें हजरत मोहम्मद सल्लल्लाहो अलैह वसल्लम की साहबजादी जनाब फातमा जहरा, हजरत इमाम हसन हुसैन, उनके बेटे जैनुल आबेदीन और इमाम जाफर सादिक की भी कब्र शामिल है। लेकिन अभी तक सऊदी हुकुमत ने कब्रों की तामीर नहीं कराई है।
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प्रदर्शन के बाद जिलाधिकारी के जरिए राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजा। उसमें सऊदी सरकार पर दबाब बनाकर कब्र्रों की दोबारा तामीर कराने की मांग की। ज्ञापन देने वालों में मौलाना मूसा रजा, मुजतबा आब्दी, कमल रिजवी, मोहम्मद राहिल, इफ्तार जानी, ईशान अल्वी, डा. अजीम नकवी, सैयद मियां जैदी, हसन जैदी शामिल थे।
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