कार्रवाई: बिजनौर में 400 से अधिक मस्जिदों से उतारे गए लाउडस्पीकर, ध्वनि प्रदूषण पर पुलिस का अभियान जारी
बिजनौर में ध्वनि प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस अभियान चला रही है। अब तक 400 से अधिक मस्जिदों से लाउडस्पीकर उतरवाए जा चुके हैं। मंदिरों और मस्जिदों में लगे लाउडस्पीकरों की भी जांच की जा रही है।
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ध्वनि प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए जिले में धार्मिक स्थलों पर लगे लाउडस्पीकरों के खिलाफ अभियान जारी है। पुलिस के अनुसार अब तक 400 से अधिक मस्जिदों से लाउडस्पीकर उतरवाए जा चुके हैं। मंदिर और मस्जिदों में लगे लाउडस्पीकरों की लगातार जांच की जा रही है।
एसपी ने की थी मुतवल्लियों और मौलानाओं से अपील
पिछले दिनों एसपी केके बिश्नोई ने मस्जिदों के मुतवल्लियों और मौलानाओं से अपील की थी कि शासन स्तर से ध्वनि प्रदूषण को कम करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप निर्धारित ध्वनि सीमा का पालन करने को कहा था। एसपी ने कहा था कि मंदिर या मस्जिद परिसर में लगे लाउडस्पीकर की आवाज परिसर के अंदर तक ही सीमित रहनी चाहिए।
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दिन में 55 और रात में 45 डेसिबल की सीमा
पुलिस के अनुसार निर्धारित मानकों के तहत दिन में ध्वनि की सीमा 55 डेसिबल और रात में 45 डेसिबल रखी गई है। पुलिस का कहना है कि धार्मिक स्थलों पर ऊंचाई पर लगाए गए लाउडस्पीकरों की आवाज को परिसर तक सीमित रखना मुश्किल होता है। इसी वजह से ध्वनि प्रदूषण नियंत्रित करने के लिए कई स्थानों पर लाउडस्पीकर उतरवाए जा रहे हैं।
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मंदिरों और मस्जिदों दोनों में जांच जारी
पुलिस की ओर से मंदिरों और मस्जिदों में लगे लाउडस्पीकरों की लगातार जांच की जा रही है। अभियान के दौरान लोगों से सहयोग की अपील भी की जा रही है। पुलिस का कहना है कि कार्रवाई का उद्देश्य किसी धार्मिक स्थल को निशाना बनाना नहीं, बल्कि ध्वनि प्रदूषण से जुड़े निर्धारित नियमों का पालन कराना है।