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AMU: रात में यूनिवर्सिटी के अस्थाई कर्मचारी बैठे धरने पर, स्थाई करने की कर रहे मांग
Sat, 11 Mar 2023 10:49 PM IST
चमन शर्मा
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़
Published by: चमन शर्मा
Updated Sat, 11 Mar 2023 10:49 PM IST
सार
कर्मचारियों को स्थाई करने और जो सुविधाएं पहले मिल रही थीं, उसे बहाल करने की मांग को लेकर एएमयू के अस्थाई कर्मचारी रात में ही धरने पर बैठ गए। इंतजामिया समझाने में लगी रही, पर कर्मचारी नहीं माने।
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धरने पर बैठे एएमयू के अस्थाई कर्मचारी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के 1559 अस्थायी कर्मचारियों ने शनिवार रात कई मांगों को लेकर शताब्दी द्वार बंद कर दिया और धरने पर बैठ गए। धरना खत्म करने लिए कर्मचारियों से इंतजामिया के जिम्मेदार बातचीत करते रहे। कर्मचारियों ने स्थाई करने और पहले जैसी सुविधाएं देने की आवाज उठाई।
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अस्थाई कर्मचारियों के एक प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने सह कुलपति, कुलसचिव, वित्त अधिकारी से कर्मचारियों को स्थाई करने और जो सुविधाएं पहले मिल रही थीं, उसे बहाल करने के बारे में बात की। कर्मचारियों का कहना है कि इस संबंध में 27 या 28 मार्च को बैठक करने की बात कही गई है। कर्मचारियों ने कहा कि समस्या का समाधान होने के बजाय तारीख पर तारीख दी जा रही है। सकारात्मक उत्तर न मिलने से नाराज कर्मचारियों ने शताब्दी द्वार पर धरना दे दिया।
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कर्मचारियों ने कहा कि उनके साथ दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को भी स्थायित्व मिलना चाहिए। मार्च तक अस्थाई कर्मचारियों का नवीनीकरण किया गया है। जनवरी में इन कर्मचारियों ने प्रशासनिक भवन में वेतन को लेकर खूब हंगामा काटा था। धरने में मिर्जा वसीम बेग, आफाक अहमद, शाजिया, अमजद अली, वसीम अहमद आदि शामिल रहे।
अस्थाई और दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों के साथ इंतजामिया की हमदर्दी है। इस मसले पर लगातार शिक्षा मंत्रालय के उच्चाधिकारियों से बातचीत चल रही है। अस्थाई कर्मचारियों को वेतन मिल रहा है। रविवार को कक्षा एक और छह की प्रवेश होनी है। ऐसे में इन कर्मचारियों को इसका ख्याल रखना चाहिए। उन्हें पैनल को लेकर भी चिंताएं हैं। मंत्रालय से 1400 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत हो चुका है। पहले बजट कम था। बजट से कर्मचारियों के वेतन और रखरखाव पर खर्च होंगे। -प्रो.मोहम्मद वसीम अली, प्रॉक्टर, एएमयू