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अधिवक्ता हत्याकांडः हत्यारोपी सास ने कहा, कपिल को कभी दामाद के रूप में स्वीकार ही नहीं किया...
Sat, 31 Oct 2020 12:18 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Sat, 31 Oct 2020 12:18 AM IST
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अधिवक्ता हत्याकांडः अधिवक्ता कपिल पंवार की हत्या के आरोपी और सास
- फोटो : अमर उजाला
हत्यारोपी शिमला पंवार ने पुलिस पूछताछ में कहा कि कपिल को वह कभी दामाद के रूप में स्वीकार ही नहीं कर पाई। वह अलग जाति का था, बेटी ममता ने अपनी मर्जी से दूसरी जाति में शादी की थी। उसने उसे पति मान लिया लेकिन परिवार में कोई और उसे स्वीकार नहीं कर पाया।
अधिवक्ता कपिल पंवार (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला
गौरतलब है कि वकील कपिल पंवार उर्फ यश (45) की हत्या उनकी सास शिमला पंवार ने तीन-चार करोड़ की संपत्ति के लिए दस लाख रुपये में तीन सुपारी किलर से कराई थी। संपत्ति वकील की इंस्पेक्टर रही दिवंगत पत्नी ममता पंवार और सास के नाम है। इसे कपिल अपने नाम करा रहे थे। सुपारी किलर जीतू यादव, राहुल और अनवर ने अंडे की भुर्जी में नशा देकर वकील को बेहोश करने के बाद कार में सीट बेल्ट से गला घोंटकर हत्या की। इसके बाद लाश को इटावा के भरतना में नहर में फेंक आए थे। पुलिस ने शिमला, राहुल और अनवर की गिरफ्तारी के बाद हत्याकांड के खुलासे का दावा किया है।
अधिवक्ता कपिल और उनकी पत्नी ममता पंवार का फाइल फोटो बच्ची के साथ
- फोटो : अमर उजाला
हत्यारोपी शिमला पंवार ने बताया कि ममता 2003-04 में दिल्ली में सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी कर रही थी। कपिल भी इसी परीक्षा की तैयारी के लिए दिल्ली में था। वहीं पर दोनों की दोस्ती हुई। ममता यूपी पुलिस में दरोगा हो गई। कपिल मेरठ में कोर्ट में पेशकार हो गया। इसके बाद दोनों ने शादी कर ली। 2006 में ममता की पोस्टिंग आगरा में हुई। उन्होंने कहा कि अलग अलग रहने से परेशानी होगी। इस पर कपिल नौकरी छोड़कर आगरा आ गए और कचहरी में प्रेक्टिस करने लगे। इसके बाद ममता प्रमोशन पाकर इंस्पेक्टर हो गई।
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अधिवक्ता कपिल पंवार की हत्या के बारे में जानकारी एसएसपी और एसपी सिटी
- फोटो : अमर उजाला
कपिल ने यह नाम शादी के बाद रखा था। उसका नाम यशवीर सैनी था। ममता पंवार से शादी के बाद उसने अपना नाम कपिल पंवार उर्फ यश कर लिया था। इसके बाद भी ममता के परिवार वालों ने काफी दिनों तक कपिल से संबंध नहीं रखा। ममता के कहने पर वह (शिमला) उनके पास आने लगीं। वह कई महीने साथ ही रहती थीं।
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अधिवक्ता कपिल और उनकी पत्नी ममता पंवार का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
पिछले साल ब्रेन हेमरेज से ममता पंवार की मौत हो गई। इससे सास-दामाद के रिश्ते और बिगड़ गए। सास को लगा कि कपिल सारी संपत्ति अपने नाम करा लेगा। वह उसी के पास आकर रहने लगी।