{"_id":"58c520514f1c1bb66fdc3f7f","slug":"lady-doctor-arrested-in-case-of-sex-testing-in-womb-at-sonipat-of-haryana","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Pics: ये डॉक्टर बताती थी लड़की है या लड़की, पकड़ी गई तो हाथ जोड़ गिड़गिड़ाने लगी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
Pics: ये डॉक्टर बताती थी लड़की है या लड़की, पकड़ी गई तो हाथ जोड़ गिड़गिड़ाने लगी
ब्यूरो/अमर उजाला, सोनीपत(हरियाणा)
Updated Tue, 14 Mar 2017 09:18 AM IST
विज्ञापन
लिंग जांच करती पकड़ी गई महिला
देखिए इस महिला को, ये डॉक्टर है। ये बताती थी कि गर्भ में लड़की है या लड़का, लेकिन अब रंगे हाथों पकड़ी गई तो इस तरह से गिड़गिड़ाने लगी।
लिंग जांच करती पकड़ी गई महिला
मामला हरियाणा के सोनीपत का है। सोनीपत स्वास्थ्य विभाग की टीम ने गर्भवती महिलाओं को झांसे में ले प्रसव पूर्व लिंग जांच के नाम पर नरेला में सामान्य अल्ट्रासाउंड कराकर नकदी ठगने के मामले का खुलासा किया है। सोनीपत पीएनडीटी की टीम ने नरेला स्वास्थ्य विभाग व पुलिस की मदद से महिला चिकित्सक को पकड़वाया है। नरेला पुलिस ने इस संबंध में मामला दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
लिंग जांच करती पकड़ी गई महिला
पीएनडीटी (प्रसव पूर्व निदान तकनीक) अधिकारी डॉ. आदर्श शर्मा ने बताया कि उन्हें नरेला में एक महिला चिकित्सक द्वारा लिंग जांच का गोरखधंधा चलाए जाने की सूचना मिली थी। इस पर उनके नेतृत्व में टीम ने एक गर्भवती महिला को नरेला भेजा। डॉ. कोमल ने महिला से भ्रूण जांच के नाम पर 33 हजार रुपए की मांग की। कर कराकर 30 हजार रुपए में सौदा तय हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
लिंग जांच करती पकड़ी गई महिला
महिला ने उसे 30 हजार रुपए दिए तो डॉ. कोमल उसे लेकर एक अस्पताल में पहुंची। वहां महिला का अल्ट्रासाउंड कराया गया। अल्ट्रासाउंड करवाकर बाहर आने के बाद डॉ. कोमल ले महिला को भ्रूण में लड़की होने की बात कही। यह सुनते ही टीम ने पुलिस के साथ मिलकर वहां छापा मार दिया। साथ ही डॉ. कोमल को पकड़ लिया। पुलिस ने महिला चिकित्सक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
विज्ञापन
लिंग जांच करती पकड़ी गई महिला
सोनीपत पीएनडीटी (प्रसव पूर्व निदान तकनीक) टीम को सूचना मिली थी कि नरेला में एक महिला चिकित्सक लिंग जांच कर रही है। वह इसके एवज में लोगों से पैसे ठगती है, जिस पर पीएनडीटी अधिकारी डॉ. आदर्श शर्मा के नेतृत्व में टीम बनाई गई। इसमें एक डिकोय (टीम द्वारा तैयार की गर्भवती महिला) को नरेला भेजा गया। डिकोय ने नरेला में डॉ. कोमल से संपर्क किया। वह घर में ही चिकित्सालय चलाती हैं।