Kaithal News: नेटवर्क मार्केटिंग के नाम पर धोखाधड़ी, 65.72 लाख रुपये हड़पे, विदेश भेजने का ख्वाब भी दिखाया
आरोपियों ने कहा कि कम से कम 100 डॉलर की एक आईडी लगेगी। इससे ज्यादा सदस्य जितनी मर्जी आईडी लगा सकते हैं। आरोपियों ने यह भी कहा कि जो व्यक्ति अपने नीचे जितने अधिक व्यक्तियों को जोड़ेगा, उसको पांच प्रतिशत अतिरिक्त बोनस व कंपनी में एक रैंक भी दिया जाएगा।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कंपनी का सदस्य बनाने व उसी के जरिये विदेश भेजने के नाम पर चार लोगों ने राजौंद के कुछ लोगों से 65 लाख 72 हजार रुपये की ठगी की। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। राजौंद निवासी रामकरण उर्फ प्रमोद राणा ने पुलिस को शिकायत दी कि गुजरात निवासी प्रोपराइटर भरत कुमार दलवाड़ी, चंडीगढ़ निवासी सुनील कुमार वर्मा, कैथल निवासी करनैल सैनी व गुजरात के विपिन जोशी ने फर्जीवाडा करके आर्मा आई लाइट ग्लोबल ट्रेड नाम की एक कंपनी बना ली।
आरोपियों ने कई जगह सेमिनार किया व ऑनलाइन विज्ञापन दिया। उन्होंने राजौंद में आकर भी सेमिनार किया और बताया कि कोई भी व्यक्ति कंपनी में पैसे लगाता है तो अपने नीचे और सदस्य कंपनी में जोड़ना है। उनके रुपये भी कंपनी में लगाते हैं तो थोड़े ही समय में तीन से चार गुना मुनाफा मिलता है और विदेश भी भेजा जाता है।
आरोपियों ने कहा कि कम से कम 100 डॉलर की एक आईडी लगेगी। इससे ज्यादा सदस्य जितनी मर्जी आईडी लगा सकते हैं। आरोपियों ने यह भी कहा कि जो व्यक्ति अपने नीचे जितने अधिक व्यक्तियों को जोड़ेगा, उसको पांच प्रतिशत अतिरिक्त बोनस व कंपनी में एक रैंक भी दिया जाएगा। रैंक के हिसाब से प्रतिमाह सदस्य के खाते में डॉलर डाले जाएंगे। साथ ही सदस्यों को विदेश टूर वीजा पर भेजा जाएगा।
आरोपियों ने उनका विश्वास जीतने के लिए थाइलैंड टूर पर भी भेजा और कहा कि अगला टूर दुबई का है। इसके बाद कंपनी सबको अमेरिका का वर्क परमिट दिलवाएगी। वहीं काम भी दिलवाया जाएगा। इस तरह से झूठे सब्गबाज दिखाकर आरोपियों ने उसे व उसके कई साथियों को कंपनी का सदस्य बनाया। बार-बार धोखाधड़ी कर कंपनी में लाखों रुपये का फर्जी निवेश करवाया। कंपनी ने बैंक खाते में राशि नहीं डाली।
आरोपियों ने उन्हें आश्वासन दिया कि कंपनी का सॉफ्टवेयर अपडेट हो रहा है, जल्द की राशि आ जाएगी। इस तरह से तीन महीने बीत जाने के बाद भी उन्हें आश्वासन देने में लगे रहे और उनका वीजा लगवाने का झांसा देकर उनसे पासपोर्ट ले लिया। बाद में आरोपियों ने न तो उनका वीजा लगवाया और न ही पासपोर्ट वापस दिया।
आरोपियों ने धोखे से कंपनी के खाते में 65 लाख 72 हजार रुपये राशि डलवा ली। अब धनराशि व पासपोर्ट मांगने पर आरोपी उन्हें जान से मारने की धमकी दे रहे हैं। आरोपियों ने कंपनी की जानकारी भी इंटरनेट से हटा दी हैं। जांच अधिकारी विरेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है। मामले की जांच की जा रही है।