Hindi News
›
Video
›
Chhattisgarh
›
Balod News
›
The construction of PM Shri School room in Balod is of poor quality Sarpanch and management lodged a complaint
{"_id":"68ac81ab802e52308c0b309a","slug":"video-the-construction-of-pm-shri-school-room-in-balod-is-of-poor-quality-sarpanch-and-management-lodged-a-complaint-2025-08-25","type":"video","status":"publish","title_hn":"बालोद में पीएम श्रीस्कूल के कमरे का निर्माण हो रहा गुणवत्ताहीन, सरपंच और प्रबंधन ने दर्ज कराई शिकायत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बालोद में पीएम श्रीस्कूल के कमरे का निर्माण हो रहा गुणवत्ताहीन, सरपंच और प्रबंधन ने दर्ज कराई शिकायत
बालोद जिले के ग्राम जगतरा में प्राथमिक शाला को पीएम श्री स्कूल में शामिल किया गया है जिसके बाद से यहां पर कई सारे नवाचार किए जा रहे हैं इसी के तहत यहां बनाया जा रहा अतिरिक्त कमरा विवादों में पड़ता नजर आ रहा है दरअसल सरपंच एवं शाला प्रबंधन शामिल ने शिकायत दर्ज कराई है कि अतिरिक्त कक्ष का निर्माण गुणवत्ता हीन किया जा रहा है वहीं यहां किसी तरह का कोई सूचना फलक नहीं लगाया गया है, सरपंच ने बताया कि यहां क्या बन रहा है इसकी हमें कोई जानकारी नहीं है वहीं पूरे मामले में जब ग्रामीण यांत्रिकी सेवा अधिकारी से बात करने की कोशिश की गई तो उन्होंने कहा कि मैं इस विषय में कुछ नहीं कह सकता क्योंकि निर्माण एजेंसी साला प्रबंधन समिति को ही बनाया गया है वहीं उन्होंने कहा कि अभी हमारे पास इंजीनियर नहीं है इसलिए मॉनिटरिंग नहीं हो पा रही है गुण्डरदेही क्षेत्र से इंजीनियर बुलाई जा रहे हैं।
बालोद जिले के ग्राम जगतरा में 8 लाख 7 हजार रुपए की लागत से अतिरिक्त कक्ष के निर्माण की जानकारी ग्रामीण यांत्रिकी सेवा के अधिकारी ने दी है वहीं इस विषय में पंचायत को किसी तरह की कोई जानकारी नहीं है। वही इस पूरे मामले पर सरपंच मंगल मंडावी ने कहा कि निर्माण कार्य चल रहा है लेकिन ना कोई सूचना बोर्ड लगाया गया है ना ही लागत की जानकारी है और ना ही यहां पर कोई भी इंजीनियर देखरेख में आता है वही ग्राम पंचायत के पूर्व सरपंच एवं शाला प्रबंधन समिति के सदस्य गजेंद्र मंडावी ने कहा कि काफी घटिया स्थल का निर्माण कार्य किया जा रहा है जिसकी हम शिकायत कर रहे हैं दीवाल टेढ़ा-मेढ़ा बनाया गया है यह शासन की महत्वाकांक्षी योजना के तहत शामिल विद्यालय है और यह हमारे स्कूल का ही एक अंग है इसलिए उच्च गुणवत्ता के साथ इसका निर्माण किया जाना चाहिए था लेकिन यहां पर मनमानी देखने को मिल रही है इंजीनियर तो कई दिनों से यहां पर देखने के लिए नहीं आए हैं।
बिना इंजीनियर काम...?
जब हमने इस विषय को लेकर ग्रामीण स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर घनश्याम मार्कण्डेय से बात की तो उन्होंने कहा कि हमारे इंजीनियर की कमी है जो इंजीनियर इस काम को देखा है उसका स्थानांतरण हो गया है और हमारे पास अभी इंजीनियर नहीं है इसलिए हमने दूसरे क्षेत्र से इंजीनियर बुलाया है यह बात स्पष्ट करती है कि लाखों रुपए से निर्माण कार्य तो किया जा रहा है लेकिन इसकी मॉनीटरिंग करने वाला कोई भी नहीं है जिसके कारण घटिया स्तर के निर्माण के शिकायत संबंधित मामले सामने आने लगे हैं ठेकेदार की मनमानी यहां स्पष्ट रूप से देखने को मिल रही है।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।