{"_id":"45-26116","slug":"Amroha-26116-45","type":"story","status":"publish","title_hn":"आरपीएफ जवान के घर छह लाख का डाका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आरपीएफ जवान के घर छह लाख का डाका
Amroha
Updated Fri, 13 Dec 2013 05:47 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रजबपुर (अमरोहा)। बुधवार की रात थानाक्षेत्र के कूबी गांव में दीवार फांदकर जवान के घर में घुसे बदमाशों ने परिवार को हथियारोें के बल पर बंधक बनाकर नगदी, आभूषण और मवेशी समेत करीब छह लाख रुपये लूट की वारदात को अंजाम दिया। विरोध पर बेरहमी से पीटा और डीसीएम में सामान भरकर फरार हो गए। पीड़ित परिवार के शोर मचाने पर जागे ग्रामीणों ने बदमाशों का पीछा किया, लेकिन घेरने में सफल नहीं हुए। पुलिस ने तड़के मौका मुआयना कर मुकदमा दर्ज कर लिया।
कूबी गांव निवासी धनीराम पुत्र छोटे का एक बेटा धर्मवीर एसएसबी तथा दूसरा बेटा भगवान सिंह आरपीएफ का जवान है। बुधवार रात परिवार के लोग अलग-अलग कमरे में सोए हुए थे। करीब एक बजे दस-बारह बदमाश दीवार कूदकर घर में दाखिल हो गए। किसान धनीराम और छुट्टी पर आए हुए फौजी धर्मवीर को जगाने के बाद गनप्वाइंट पर कवर कर महिलाओं और बच्चों को कमरे में बंद कर दिया। लूटपाट के विरोध पर पिटाई कर बच्चों को जान से मारने की धमकी देते रहे।
बदमाशों ने अल्मारी में रखी पचास हजार की नगदी और सोलह तोले सोने के आभूषण के अलावा घरेलू सामान, कपड़े, बर्तन तथा मवेशी डीसीएम में भर लिए और फरार हो गए। बदमाशों के घर से निकलते ही पीड़ित परिवार ने शोर मचा दिया। जिससे गांव में जाग हो गई। ग्रामीणों ने घेराबंदी की, लेकिन तब बदमाश दूर निकल चुके थे। डकैती की सूचना से थाने में हड़कंप मच गया। नींद से जागी पुलिस ने मौका मुआयना कर पीड़ित परिवार से बदमाशों के हुलिए आदि की जानकारी ली।
विज्ञापन
विज्ञापन
कूबी गांव निवासी धनीराम पुत्र छोटे का एक बेटा धर्मवीर एसएसबी तथा दूसरा बेटा भगवान सिंह आरपीएफ का जवान है। बुधवार रात परिवार के लोग अलग-अलग कमरे में सोए हुए थे। करीब एक बजे दस-बारह बदमाश दीवार कूदकर घर में दाखिल हो गए। किसान धनीराम और छुट्टी पर आए हुए फौजी धर्मवीर को जगाने के बाद गनप्वाइंट पर कवर कर महिलाओं और बच्चों को कमरे में बंद कर दिया। लूटपाट के विरोध पर पिटाई कर बच्चों को जान से मारने की धमकी देते रहे।
विज्ञापन
बदमाशों ने अल्मारी में रखी पचास हजार की नगदी और सोलह तोले सोने के आभूषण के अलावा घरेलू सामान, कपड़े, बर्तन तथा मवेशी डीसीएम में भर लिए और फरार हो गए। बदमाशों के घर से निकलते ही पीड़ित परिवार ने शोर मचा दिया। जिससे गांव में जाग हो गई। ग्रामीणों ने घेराबंदी की, लेकिन तब बदमाश दूर निकल चुके थे। डकैती की सूचना से थाने में हड़कंप मच गया। नींद से जागी पुलिस ने मौका मुआयना कर पीड़ित परिवार से बदमाशों के हुलिए आदि की जानकारी ली।
विज्ञापन