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अपहरण व हत्या के मामले में एक को उम्रकैद
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सीतापुर। अपर जिला सत्र न्यायाधीश ने अपहरण व हत्या के एक मामले में आरोपी को आजीवन कारावास व 35 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। इस मामले में आरोपी के साथ नामजद तीन अन्य लोगों को संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया है।
अभियोजन पक्ष की ओर से इस मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता वसी अहमद अंसारी ने की। मालूम हो कि सदरपुर थाना क्षेत्र की रहने वाली महिला तिलका देवी ने 12 मार्च 2009 की रात पति को जबरदस्ती घर से उठा ले जाने की एक रिपोर्ट रामपुर मथुरा के ग्राम रंजीतपुर निवासी सहजराम, संतराम, सुमेरी व सुरेश के विरुद्ध दर्ज कराई थी।
इस मामले में वादिनी के पति भुप्पल का शव रामपुर मथुरा क्षेत्र के ग्राम गौरा के निकट पड़ा पाया गया। वादिनी की रिपोर्ट के आधार पर विवेचना करते हुए पुलिस ने सभी नामजद आरोपियों के विरुद्ध हत्या व अपहरण का आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
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न्यायालय में सुनवाई के दौरान नामजद तीन आरोपियों संतराम, सुमेरी व सुरेश को तो संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया गया। सहजराम को घटना का दोषी पाते हुए उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई। आरोपी पर 35 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।
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अभियोजन पक्ष की ओर से इस मुकदमे की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता वसी अहमद अंसारी ने की। मालूम हो कि सदरपुर थाना क्षेत्र की रहने वाली महिला तिलका देवी ने 12 मार्च 2009 की रात पति को जबरदस्ती घर से उठा ले जाने की एक रिपोर्ट रामपुर मथुरा के ग्राम रंजीतपुर निवासी सहजराम, संतराम, सुमेरी व सुरेश के विरुद्ध दर्ज कराई थी।
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इस मामले में वादिनी के पति भुप्पल का शव रामपुर मथुरा क्षेत्र के ग्राम गौरा के निकट पड़ा पाया गया। वादिनी की रिपोर्ट के आधार पर विवेचना करते हुए पुलिस ने सभी नामजद आरोपियों के विरुद्ध हत्या व अपहरण का आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
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न्यायालय में सुनवाई के दौरान नामजद तीन आरोपियों संतराम, सुमेरी व सुरेश को तो संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया गया। सहजराम को घटना का दोषी पाते हुए उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाई। आरोपी पर 35 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।