फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shahjahanpur News ›   Finance Minister asked- why are new lines burning

Shahjahanpur News: वित्त मंत्री ने पूछा-नई लाइनें क्यों जल रहीं

Sun, 11 May 2025 12:55 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, शाहजहाँपुर Updated Sun, 11 May 2025 12:55 AM IST
विज्ञापन
Finance Minister asked- why are new lines burning
कलक्ट्रेट सभागार में जिला विद्युत समिति की बैठक में निर्देश देते वित्तमंत्री सुरेश कुमार खन्ना।
शाहजहांपुर। कलक्ट्रेट सभागार में जिला विद्युत समिति की बैठक में बार-बार जल रहीं नई लाइनों को लेकर वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना अफसरों से नाराज दिखे। उन्होंने इसका कारण पूछा तो पता चला कि बगैर क्षमता के आकलन कर तार डाले जाने से यह समस्या आ रही है। उन्होंने तत्काल प्रभाव से उपयुक्त क्षमता की नई लाइन डलवाने के अधिशासी अभियंता को निर्देश दिए।
विज्ञापन


मंत्री ने जिले में चल रहे विद्युत निगम के कार्यों की बिंदुवार समीक्षा की। उन्होंने खंडवार उपकेंद्रों की स्थिति, पाॅवर ट्रांसफाॅर्मर की क्षमता, थ्रू रेट, उपभोक्ता संख्या, एटीएंडसी हानियां, लाइन लॉस एवं आरडीएमएस योजना की प्रगति की जानकारी ली। मंत्री ने साफ कहा कि जिन क्षेत्रों में नई लाइनें बिछाई गई हैं, वहां पर यदि कुछ ही समय में लाइनें फुंक रही हैं, तो यह विद्युत निगम की घोर लापरवाही और तकनीकी दोष का स्पष्ट संकेत है।
विज्ञापन

उन्होंने रेती क्षेत्र में हकीम जगमोहन के मकान के पास बिछाई गई लाइन का उदाहरण देते हुए नाराजगी जताई। कहा कि यह अत्यंत गंभीर विषय है कि जो लाइनें हाल ही में डाली गईं, वे जल्द ही जल गईं। इससे यह सिद्ध होता है कि विद्युत निगम ने वास्तविक क्षमता का आकलन किए बिना ही कार्य कराया। मंत्री ने कहा कि यदि किसी खंड में लाइन लॉस पांच प्रतिशत से अधिक पाया गया है तो संबंधित एसडीओ की जिम्मेदारी तय कर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

उन्होंने मुख्य अभियंता से पूछा कि बिजनेस प्लान के अंतर्गत कार्यों के लिए फंडिंग की क्या व्यवस्था है? इस पर अभियंता ने बताया कि यह योजना केवल क्षमता वृद्धि के मामलों में लागू होती है न कि सामान्य विस्तार कार्यों में।

मंत्री ने निर्देश दिए कि शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति निर्धारित घंटों के अनुसार ही सुनिश्चित की जाए। अनावश्यक बिजली कटौती पर जिम्मेदार अफसरों की जवाबदेही तय की जाएगी। बैठक में उपस्थित विधायकों ने अपने-अपने क्षेत्रों से संबंधित विद्युत समस्याओं एवं शिकायतों को बैठक में उठाया।

मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को प्राथमिकता से समाधान करने के निर्देश दिए। विद्युत निगम के अधिकारियों द्वारा जनप्रतिनिधियों के फोन नहीं उठाने का मुद्दा बैठक में चर्चा का विषय बना रहा।

बैठक में सांसद अरुण कुमार सागर, विधान परिषद सदस्य डॉ. सुधीर कुमार, विधायक अरविंद कुमार सिंह, वीर विक्रम सिंह, डीएम धर्मेंद्र प्रताप सिंह, सीडीओ डॉ. अपराजिता सिंह, एडीएम प्रशासन संजय कुमार पांडे व विद्युत निगम के अधिकारी मौजूद रहे।

------

उपभोक्ताओं को भेजे जा रहे गलत बिल

मंत्री ने यह भी कहा कि जिन क्षेत्रों में गलत बिजली बिल उपभोक्ताओं को भेजे जा रहे हैं, वहां के मीटर रीडरों की संविदा तत्काल प्रभाव से समाप्त करें। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि उपभोक्ताओं को किसी भी दशा में अनावश्यक परेशान न किया जाए। यदि किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की शिकायत मिली, तो जिम्मेदार कर्मियों पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।

------------------------

सांसद बोले- काम के बदले रुपये मांगते हैं जेई

सांसद अरुण सागर ने जर्जर लाइन और अधिकारियों द्वारा काम के बदले रुपये मांगने की शिकायत की। कहा कि जिले के अलग-अलग गांवों में इस समय नई लाइन डाली जा रही हैं। लाइन बिछाने में लापरवाही और घटिया गुणवत्ता के तार लगाने को लेकर सांसद ने नाराजगी जताई। कहा कि जिले के कई गांव ऐसे हैं, जहां पर लाइन जर्जर हो चुकी हैं। शिकायत के बाद भी अधिकारी उसे ठीक कराने में लापरवाही बरत रहे हैं। सांसद ने बादशाहनगर उपकेंद्र के जेई शिवशरण प्रसाद के फोन न उठाने, जनता से दुर्व्यवहार करने और जनप्रतिनिधियों की बात न सुनने को लेकर नाराजगी जताई।


सांसद ने कहा कि एक जेई ने ट्यूबवेल के कनेक्शन के नाम पर उपभोक्ता से एक लाख 60 हजार रुपये की मांग की। रिश्वत नही देने पर उपभोक्ता को कनेक्शन नहीं दिया गया। पीड़ित ने शिकायत की तो सांसद ने बैठक में जेई से नाराजगी जताई और आलाधिकारियों से रिपोर्ट लिखाने के निर्देश दिए।

----------------------

विधायक बोले-गांवों में चार-पांच घंटे ही आ रही बिजली

ददरौल विधायक अरविंद सिंह ने कहा कि कुर्रियाकलां, बांसखेड़ा, चौहनापुर, पल्हौरा सहित आसपास के गांवों में केवल चार-पांच घंटे ही बिजली आ रही है। बंथरा, जमौर, मदनापुर, अभायन, अटसलिया, बादशाहनगर फीडरों से जुड़े गांवों का भी हाल यही है। गर्मी में लोग बेहाल हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की मंशा के अनुरूप गांवों में 18 से 22 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जानी चाहिए।

-------------------
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed