{"_id":"5af34b644f1c1b46098b8fa4","slug":"21525893988-saharanpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बेसिक शिक्षा विभाग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बेसिक शिक्षा विभाग
Updated Thu, 10 May 2018 12:56 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने कार्रवाई को नियमों के विरुद्घ बताया
सहारनपुर। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने बीएसए द्वारा दो शिक्षकों के विरुद्घ की गई निलंबन की कार्रवाई को नियम विरुद्घ करार दिया है। बीएसए को ज्ञापन सौंपकर निलंबन बहाली की मांग की। अन्यथा की स्थिति में बीएसए कार्यालय पर धरना और प्रदर्शन करने की चेतावनी दी।
जिलाध्यक्ष संदीप सिंह पंवार ने कहा कि गांव आमकी दीपचंदपुर के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय परिसर में शादी समारोह ग्राम प्रधान की अनुमति से हुआ। ग्राम प्रधान इस बात को बीएसए के समक्ष स्वीकार कर चुके हैं। मामले में सात मई को शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा गया था, मगर जवाब देने से पहले ही बीएसए ने स्कूलों पर छापा मारकर अनेक कमियां निकालकर शिक्षकों पर निलंबन की कार्रवाई कर दी। बीएसए ने निलंबन के लिए स्कूला में बच्चों से सफाई कराने और कम उपस्थिति को भी वजह बताया है। जबकि हकीकत यह है कि सफाई कर्मी स्कूल की सफाई नहीं करता है। ऐसे में शिक्षक बच्चों के साथ लगकर सफाई कराते हैं। साथ ही बीएसए सुबह आठ बजे पहुंचे थे, जिस समय सभी स्कूलों में उपस्थित कम रहती है। उन्होंने निलंबन की कार्रवाई को वापस लेने की मांग की है। अन्यथा की स्थिति में आंदोलन की चेतावनी दी।
विज्ञापन
सहारनपुर। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ ने बीएसए द्वारा दो शिक्षकों के विरुद्घ की गई निलंबन की कार्रवाई को नियम विरुद्घ करार दिया है। बीएसए को ज्ञापन सौंपकर निलंबन बहाली की मांग की। अन्यथा की स्थिति में बीएसए कार्यालय पर धरना और प्रदर्शन करने की चेतावनी दी।
जिलाध्यक्ष संदीप सिंह पंवार ने कहा कि गांव आमकी दीपचंदपुर के प्राथमिक और उच्च प्राथमिक विद्यालय परिसर में शादी समारोह ग्राम प्रधान की अनुमति से हुआ। ग्राम प्रधान इस बात को बीएसए के समक्ष स्वीकार कर चुके हैं। मामले में सात मई को शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा गया था, मगर जवाब देने से पहले ही बीएसए ने स्कूलों पर छापा मारकर अनेक कमियां निकालकर शिक्षकों पर निलंबन की कार्रवाई कर दी। बीएसए ने निलंबन के लिए स्कूला में बच्चों से सफाई कराने और कम उपस्थिति को भी वजह बताया है। जबकि हकीकत यह है कि सफाई कर्मी स्कूल की सफाई नहीं करता है। ऐसे में शिक्षक बच्चों के साथ लगकर सफाई कराते हैं। साथ ही बीएसए सुबह आठ बजे पहुंचे थे, जिस समय सभी स्कूलों में उपस्थित कम रहती है। उन्होंने निलंबन की कार्रवाई को वापस लेने की मांग की है। अन्यथा की स्थिति में आंदोलन की चेतावनी दी।
विज्ञापन