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सोती रहीं 21 बंदी और सुरक्षाकर्मी
ब्यूरो/अमर उजाला रामपुर
Updated Sun, 03 Jan 2016 11:13 PM IST
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गीता ने फांसी लगा ली और बैरक में बंद 21 महिला बंदियों को पता भी नहीं चला। उसने फांसी लगाने से पहले अपने बिस्तर को इस तरह लगाया कि लोगों को लगे कि कोई सो रहा है। फांसी लगाने की जानकारी न तो साथी बंदियों को हुई और न ही जेल में तैनात सुरक्षाकर्मियों को।
इस घटना से जेल में बंदियों की सुरक्षा पर फिर सवालिया निशान लगने लगे हैं। जेल में साल भर पहले बंद गीता जिस बैरक में बंद थी, उसमें गीता समेत 22 और महिला बंदी बंद थीं। जेल में गीता अक्सर खमोश रहती थी। सूत्रों के मुताबिक शनिवार दोपहर के वक्त उसे जिला जज की कोर्ट में पेश किया गया था।
पेशी के बाद वो वापस बैरक में पहुंची। बताया जाता है कि रात करीब 11.30 बजे तक उसने टेलीविजन देखा फिर सभी महिला बंदी बैरक में जाकर सो गईं। रात करीब 12.45 बजे एक महिला बंदी उठी तो गीता को गायब पाया। महिला बंदी ने बैरक की एक ओर देखा तो उसकी चीख निकल गई। गीता फांसी पर लटकी हुई थी।
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गीता के फांसी पर लटके होने की सूचना जेलकर्मियों को दी, जिसके बाद हड़कंप मच गया। बताया जाता है कि मौत से पहले गीता ने अपने बिस्तर को कुछ इस तरह लगाया था कि लोगों को लगे कि वो बिस्तर में सो रही है। गीता के आत्महत्या कर लेने के मामले की भनक जेल में तैनात सुरक्षाकर्मियों को भी नहीं लगी। महिला बंदी की चीख के बाद ही सुरक्षाकर्मियों को इसकी जानकारी हुई।
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इस घटना से जेल में बंदियों की सुरक्षा पर फिर सवालिया निशान लगने लगे हैं। जेल में साल भर पहले बंद गीता जिस बैरक में बंद थी, उसमें गीता समेत 22 और महिला बंदी बंद थीं। जेल में गीता अक्सर खमोश रहती थी। सूत्रों के मुताबिक शनिवार दोपहर के वक्त उसे जिला जज की कोर्ट में पेश किया गया था।
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पेशी के बाद वो वापस बैरक में पहुंची। बताया जाता है कि रात करीब 11.30 बजे तक उसने टेलीविजन देखा फिर सभी महिला बंदी बैरक में जाकर सो गईं। रात करीब 12.45 बजे एक महिला बंदी उठी तो गीता को गायब पाया। महिला बंदी ने बैरक की एक ओर देखा तो उसकी चीख निकल गई। गीता फांसी पर लटकी हुई थी।
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गीता के फांसी पर लटके होने की सूचना जेलकर्मियों को दी, जिसके बाद हड़कंप मच गया। बताया जाता है कि मौत से पहले गीता ने अपने बिस्तर को कुछ इस तरह लगाया था कि लोगों को लगे कि वो बिस्तर में सो रही है। गीता के आत्महत्या कर लेने के मामले की भनक जेल में तैनात सुरक्षाकर्मियों को भी नहीं लगी। महिला बंदी की चीख के बाद ही सुरक्षाकर्मियों को इसकी जानकारी हुई।