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Lakhimpur Kheri News: आपदा में महंगाई की बाढ़...दो से तीन गुना हुए सब्जियों के दाम, टमाटर 200 रुपये किलो
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संपूर्णानगर में ग्राहक का इंतजार करता सब्जी विक्रेता। संवाद
लखीमपुर खीरी। बाढ़ के कारण सब्जियों पर ऐसी महंगाई चढ़ी है कि आम लोगों की पहुंच से दूर हो गई हैं। कई क्षेत्रों में टमाटर 100 रुपये से लेकर 200 रुपये प्रति किलो तक बिक रहा है।
बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में सब्जियों की आवक कम हुई तो दाम दो से तीन गुना बढ़ गए। सात दिन पहले टमाटर, आलू, कटहल, शिमला मिर्च आदि को स्टोर करने वाले सब्जी विक्रेता दो से तीन गुना मुनाफा कमाकर सब्जी बेच रहे हैं। वहीं, सब्जी उगाने वाले किसान बेहाल हैं। बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में तुरई, लौकी और हरी सब्जियां खराब हो गईं। संपूर्णानगर, बेहजम, निघासन, पलियाकलां, फूलबेहड़ आदि क्षेत्रों में सब्जियों पर महंगाई की मार पड़ी है।
बेहजम में सब्जियों के दाम दोगुने, आलू 50 रुपये प्रति किलो पहुंचा
बेहजम। क्षेत्र के गांव सिकटिहा, पिपरा उद्यान, घूर, खेरा, बिल्लाई, अल्लीपुर आदि गांवों में सब्जी की खेती होती है। अल्लीपुर में सब्जी विक्रेता सफीउदीन कहते हैं कि एक सप्ताह से पहले और आज के भाव में सब्जियों के दाम में जमीन और आसमान का फर्क है। आलू सप्ताहभर पहले 30 रुपये किलो था, आज 40-50 रुपये प्रति किलो है। अरबी 60 से 80 और बैगन 40 से 60 रुपये किलो पहुंच गया। लौकी 20 से बढ़कर 30 रुपये और टमाटर पहले 60 से 100 रुपये प्रति किलो हो गया। प्याज पहले 30, अब 40 से 45 हो गया। तुरई के दाम दोगुने होकर 30 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। हरी मिर्च 100 रुपये प्रति किलो और परवल पहले 60 तो अब 100 रुपये प्रति किलो में बिक रहा है। कटहल पहले 20 अब 40 रुपये प्रतिकिलो के भाव से बेचा जा रहा है। सब्जी उगाने वाले किसान चेतराम मौर्य ने बताया कि दो बीघा तुरई बोई है, जो अभी 30 रुपये प्रति किलो बिक रही हैं। झब्बू लाल ने बताया कि अरबी 80 रुपये प्रति किलो तक बिक रही हैं। दो बीघा बोई है। संवाद
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बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में सब्जियों की आवक कम हुई तो दाम दो से तीन गुना बढ़ गए। सात दिन पहले टमाटर, आलू, कटहल, शिमला मिर्च आदि को स्टोर करने वाले सब्जी विक्रेता दो से तीन गुना मुनाफा कमाकर सब्जी बेच रहे हैं। वहीं, सब्जी उगाने वाले किसान बेहाल हैं। बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में तुरई, लौकी और हरी सब्जियां खराब हो गईं। संपूर्णानगर, बेहजम, निघासन, पलियाकलां, फूलबेहड़ आदि क्षेत्रों में सब्जियों पर महंगाई की मार पड़ी है।
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बेहजम में सब्जियों के दाम दोगुने, आलू 50 रुपये प्रति किलो पहुंचा
बेहजम। क्षेत्र के गांव सिकटिहा, पिपरा उद्यान, घूर, खेरा, बिल्लाई, अल्लीपुर आदि गांवों में सब्जी की खेती होती है। अल्लीपुर में सब्जी विक्रेता सफीउदीन कहते हैं कि एक सप्ताह से पहले और आज के भाव में सब्जियों के दाम में जमीन और आसमान का फर्क है। आलू सप्ताहभर पहले 30 रुपये किलो था, आज 40-50 रुपये प्रति किलो है। अरबी 60 से 80 और बैगन 40 से 60 रुपये किलो पहुंच गया। लौकी 20 से बढ़कर 30 रुपये और टमाटर पहले 60 से 100 रुपये प्रति किलो हो गया। प्याज पहले 30, अब 40 से 45 हो गया। तुरई के दाम दोगुने होकर 30 रुपये प्रति किलो हो गए हैं। हरी मिर्च 100 रुपये प्रति किलो और परवल पहले 60 तो अब 100 रुपये प्रति किलो में बिक रहा है। कटहल पहले 20 अब 40 रुपये प्रतिकिलो के भाव से बेचा जा रहा है। सब्जी उगाने वाले किसान चेतराम मौर्य ने बताया कि दो बीघा तुरई बोई है, जो अभी 30 रुपये प्रति किलो बिक रही हैं। झब्बू लाल ने बताया कि अरबी 80 रुपये प्रति किलो तक बिक रही हैं। दो बीघा बोई है। संवाद
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