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भट्ठों में बच्चों से न कराएं काम
अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
Updated Wed, 09 May 2018 01:11 AM IST
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कौशाम्बी
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, कौशाम्बी
कलक्ट्रेट के सम्राट उदयन सभागार में मंगलवार को जिला बाल संरक्षण समिति के तत्वावधान में कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें समेकित बाल संरक्षण योजना के तहत शिशु, बालक, बालिका हेतु बाल संरक्षण के सशक्त संरक्षणात्मक परिवेश का निर्माण, उचित पालन पोषण करने, परिवार की देखरेख पाने, प्रतिष्ठा के साथ रहने, बच्चो को हिंसा व दुर्व्यवहार से बचाने के सम्बन्ध में विचार विमर्श किया गया।
बताया गया कि जिलास्तर के अलावा सभी ब्लॉकों, ग्राम सभाओं में बाल संरक्षण समिति का गठन किया जा चुका है। डीएम मनीष कुमार वर्मा ने कहा कि गरीब, असहाय, अनाथ बच्चों की सोच में सकारात्मक परिवर्तन लाने के साथ ही उन्हें शिक्षित करने की जरूरत है। डीएम ने सीएमओ जिला चिकित्सालय में आशा ज्योति केन्द्र को स्थापित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया। केंद्र में ऐसी पीड़ित महिलाओं के इलाज व खान-पान, रहन-सहन की भी समुचित व्यवस्था का निर्देश दिया। एसपी प्रदीप गुप्ता ने बताया कि ऐसे बच्चों के उचित देखभाल के लिए सभी थानों पर चाइल्ड वेलफेयर पुलिस आफिसर की नियुक्ति की गयी है। जिलाधिकारी ने सभी थानेां पर बोर्ड लगाकर सम्बन्धित अधिकारी का नाम तथा अन्य आवश्यक शर्तों को दर्ज कराने का निर्देश दिया। उन्होंनंे भट्ठों में बच्चों से कार्य कराने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश श्रम प्रवर्तन अधिकारी को दिया। बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष विनय कुमार मिश्र ने कहा कि ऐसे अनाथ बच्चों को रुकने के लिए जनपद में बाल अथवा सम्प्रेषण गृह की आवश्यकता बताई। जिला प्रोबेशन अधिकारी राजेश सोनकर ने बताया कि इसके लिए प्रस्ताव भेजा जा चुका है।
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बताया गया कि जिलास्तर के अलावा सभी ब्लॉकों, ग्राम सभाओं में बाल संरक्षण समिति का गठन किया जा चुका है। डीएम मनीष कुमार वर्मा ने कहा कि गरीब, असहाय, अनाथ बच्चों की सोच में सकारात्मक परिवर्तन लाने के साथ ही उन्हें शिक्षित करने की जरूरत है। डीएम ने सीएमओ जिला चिकित्सालय में आशा ज्योति केन्द्र को स्थापित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई का निर्देश दिया। केंद्र में ऐसी पीड़ित महिलाओं के इलाज व खान-पान, रहन-सहन की भी समुचित व्यवस्था का निर्देश दिया। एसपी प्रदीप गुप्ता ने बताया कि ऐसे बच्चों के उचित देखभाल के लिए सभी थानों पर चाइल्ड वेलफेयर पुलिस आफिसर की नियुक्ति की गयी है। जिलाधिकारी ने सभी थानेां पर बोर्ड लगाकर सम्बन्धित अधिकारी का नाम तथा अन्य आवश्यक शर्तों को दर्ज कराने का निर्देश दिया। उन्होंनंे भट्ठों में बच्चों से कार्य कराने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश श्रम प्रवर्तन अधिकारी को दिया। बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष विनय कुमार मिश्र ने कहा कि ऐसे अनाथ बच्चों को रुकने के लिए जनपद में बाल अथवा सम्प्रेषण गृह की आवश्यकता बताई। जिला प्रोबेशन अधिकारी राजेश सोनकर ने बताया कि इसके लिए प्रस्ताव भेजा जा चुका है।
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